Connect with us

क्राइम

हैवानियत : 16 साल की लड़की से चलती कार में सामूहिक बलात्कार

Published

on

राजस्थान (Rajasthan) का जिला अलवर (Alwar) गैंगरेप के मामले को लेकर एकबार फिर शर्मसार हुआ है। अलवर के रामगढ़ थाने में गुरुवार को एक 16 वर्षीय नाबालिक से गैंगरेप का मामला दर्ज हुआ है। नाबालिक पानी लेने घर से निकली थी, तभी 4 लड़के उसको जबरन गाड़ी में डालकर ले गए। गाड़ी में ही उसके साथ गैंगरेप किया गया जिसके बाद किशनगढ़ बास में ले जाकर दोबारा दरिंदगी की गई।

आरोपियों में तीन को ग्रामीणों ने पकड़ लिया था। जबकि चौथा आरोपी मुस्ताक लड़की को लेकर फरार हो हो गया। इसके बाद आगे जंगल में लड़की को फेंककर मुस्ताक भी फरार हो गया। आरोपियों ने लड़की के पिता को फोनकर मुकदमा (FIR) दर्ज करवाने पर जान से मारने की धमकी दी है। पीड़िता के पिता ने सामूहिक दुष्कर्म को लेकर रामगढ़ थाने में मामला दर्ज करवाया है।

यह भी पढ़ें   CG Crime News: रायपुर के पटवारी ने नाबालिग से किया दुष्कर्म, बहाने से बुलाया….

गौरतलब है कि रामगढ़ (Ramgarh) में एक सप्ताह के भीतर गैंगरेप का यह दूसरा मामला दर्ज हुआ है। पीड़िता ने बताया कि वह पानी भरने के लिए गई थी तभी चार लोग गाड़ी में आए और उसे पीछे से पकड़ लिया और उसके मुंह पर कपड़ा ठूंस कर गाड़ी में ले गए और किशनगढ़ बास में ले जाकर उसके साथ गैंगरेप किया। और बाद में लड़की से पिता का फोन नंबर लेकर पिता के अकेले बुलाया। जहां उसे धमकाया गया।

पीड़िता के मुताबिक साजिद, तरबी, रफीक और मुस्ताक ने उसके साथ गलत काम किया है। पीड़िता के पिता ने बताया कि 5 जुलाई को सुबह 4 बजे उसकी बेटी पानी भरने के लिए गई थी, तभी पीछे से 4 लोग बेटी को पकड़ ले गए और गांव किशनगढ़ बास में उसके साथ गैंग रेप किया। ग्रामीणों ने 3 लोगों को पकड़ लिया, जिनमें से एक भागने में कामयाब रहा।

यह भी पढ़ें   Bilaspur High Court Verdict : ‘सहमति से संबंध बनाना रेप नहीं’.. इस मामले में हाईकोर्ट की अहम टिप्पणी, ट्रायल कोर्ट के फैसले को माना सही                           

ग्रामीणों की पंचायत के बाद आरोपियों की ओर से मुकदमा दर्ज करने पर धमकी दी गई। पिता ने रामगढ़ थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। रामगढ़ डीएसपी ओमप्रकाश मीणा ने बताया कि 4 लड़कों के खिलाफ गैंगरेप की शिकायत दी गई है। थाने में रिपोर्ट दर्ज की जा रही है। उसके बाद मेडिकल करवाया जाएगा साथ ही आगे की कार्यवाही की जाएगी।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

क्राइम

Murder Case: छत्तीसगढ़ में सनसनी, बोरे के अंदर मिला शव, मचा हड़कंप

Published

on

Surajpur Murder Case-Chhattisgarh

Surajpur Murder Case: छत्तीसगढ़ में अपराधियों के हौसलें इस कदर बुलंद है कि उन्हें अब पुलिस का भी डर नहीं रहा, प्रदेश में आए दिन मर्डर, रेप, मारपीट जैसी घटनाएं आते रहते है। इसी बीच सूरजपुर में एक सनसनीखेज वारदात ने पूरे क्षेत्र को दहला दिया है। यहां एक सफेद बोरे के अंदर बंद युवक का शव मिलने से हड़कंप मच गया। शव की स्थिति को देखकर हत्या के बाद उसे ठिकाने लगाने की आशंका जताई जा रही है।

शरीर पर मिले चोटों के निशान

Surajpur Murder Case दरअसल, रामानुजनगर थाना के तिवरागुड़ी में सुबह जब ग्रामीण अपने घरों से बाहर निकले तो गांव के समीप एक संदिग्ध सफेद बोरा दिखाई दिया। पास जाकर देखने पर बोरे से तेज दुर्गंध आ रही थी। ग्रामीणों ने इसकी जानकारी गांव के सरपंच को दी, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही रामानुजनगर पुलिस, फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉड मौके पर पहुंची। जब बोरे को खोला गया तो सभी के होश उड़ गए। भीतर एक युवक का शव मिला। जिसे रस्सियों से बांधा गया था। मृतक के सिर, चेहरे और गले सहित शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटों के निशान पाए गए हैं। प्रारंभिक तौर पर मामला हत्या का प्रतीत हो रहा है। मृतक की उम्र लगभग 30 से 35 वर्ष बताई जा रही है, लेकिन उसकी पहचान अब तक नहीं हो सकी है।

यह भी पढ़ें   मुंबई : महिला पुलिसकर्मी के साथ बलात्कार, शादी का झांसा देकर किया कुकर्म, Sex वीडियो वायरल, 3 पर FIR

पुलिस आसपास के इलाकों (Surajpur Murder Case) में गुमशुदगी की जानकारी खंगाल रही है और घटना से जुड़े हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है। शव जिस तरह बोरे में बंद मिला है, उससे यह आशंका भी जताई जा रही है कि आरोपी शव को किसी बांध या सुनसान स्थान पर ठिकाने लगाने की फिराक में थे, लेकिन किसी वजह से अपने मंसूबे में सफल नहीं हो सके। फिलहाल फॉरेंसिक टीम डॉग स्क्वॉयड और पुलिस इस रहस्यमयी मौत की गुत्थी अपने अपने स्तर पर सुलझाने में जुटी हुई है।

Continue Reading

क्राइम

CG News: भतीजे-भतीजी ने की बड़ी मां की हत्या, मुर्गा-दारु पार्टी में विवाद के बाद जलाकर मारा

Published

on

अंबिकापुर में भतीजा और भतीजी ने मिलकर अपनी बड़ी मां की हत्या कर दी। घर में मुर्गा और दारु की पार्टी चल रही थी, इसी दौरान किसी बात को लेकर विवाद हो गया।

अंबिकापुर: छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में भतीजा और भतीजी ने मिलकर अपनी बड़ी मां की हत्या कर दी। घर में मुर्गा और दारु की पार्टी चल रही थी, इसी दौरान किसी बात को लेकर विवाद हो गया। जिसके बाद दोनों ने मिलकर चूल्हे में जल रही लकड़ी से पहले हमला करते हुए आग से जलाकर मौत के घाट उतार दिया।

मिली जानकारी के अनुसार, धौरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत चटकपुर में यह घटना घटी है। मृतिका अपनी भतीजी प्रभा विश्वकर्मा को लड़कों के साथ घूमने से मना करती थी। जिससे नाराज होकर भतीजी ने अपने भाई के साथ मिलकर अपनी बड़ी मां की हत्या कर दी। जिसके बाद पुलिस ने दोनों आरोपी भतीजा अमृत विश्वकर्मा और भतीजी प्रभा विश्वकर्मा को गिरफ्तार कर लिया।

यह भी पढ़ें   शारीरिक संबंध बनाने के लिए मजबूर कर रहा था PTI टीचर, छात्रा ने लगाईं फांसी

Continue Reading

क्राइम

Digital Arrest Scam: CBI अफसर बनकर बुजुर्ग से ₹1 करोड़ की ठगी,15 दिन तक घर में किया ‘डिजिटल अरेस्ट’

Published

on

Digital Arrest Scam: गुजरात के सूरत से एक 90 साल के बुजुर्ग व्यक्ति के साथ डिजिटल अरेस्ट का मामला सामने आया है, जिसमें पीड़ित ने अपने जीवनभर की जमापूंजी कुल ₹1.15 करोड़ गंवा दिए।

Digital Arrest Scam: देशभर में डिजिटल अरेस्ट (Digital Arrest ) स्कैम के मामले बढ़ते ही जा रहे है। आए दिन किसी न किसी के साथ डिजिटल अरेस्ट स्कैम की घटनाएं सामने आ रही हैं। कई लोग इस स्कैम का शिकार बनकर अपनी जिंदगी भर की जमापूंजी को गवां चुके हैं। इसी बीच, डिजिटल अरेस्ट का एक नया मामला सामने आया है। जिसके चलते ठगों ने गुजरात के एक 90 वर्षीय बुजुर्ग व्यक्ति को “डिजिटल अरेस्ट” स्कैम का शिकार बनाया और उन्हें उनके ही घर में 15 दिनों तक वर्चुअली रूप से डिजिटली अरेस्ट किया। जिसमें बुजुर्ग ने 1 करोड़ रुपए से ज्यादा पैसे गंवा दिए।

क्या था पूरा मामला
दरअसल, साइबर अपराधियों ने गुजरात के 90 वर्षीय बुजुर्ग व्यक्ति को व्हाट्सएप कॉल के माध्यम से ठगी की शुरुआत की। धोखेबाजों ने पीड़ित को व्हाट्सएप कॉल करके सबसे पहले खुदको एक CBI अधिकारी बताया और उन्होंने कॉल पर कहा कि उनके नाम से एक पार्सल मुंबई से चीन भेजा गया है, जिसमें कथित तौर पर 400 ग्राम MD ड्रग्स थे। फिर गिरोह ने बुजुर्ग को जेल भेजने की धमकी दी और दवाव बनाकर उनसे मोटी रकम ऐंठने का खेल शुरू किया।

यह भी पढ़ें   शारीरिक संबंध बनाने के लिए मजबूर कर रहा था PTI टीचर, छात्रा ने लगाईं फांसी

धोखेबाजी का यह सिलसिला पीड़ित के साथ यही तक नहीं रुका बल्कि बुजुर्ग को पूरे 15 दिनों तक उनके ही घर में वर्चुअली तौर पर डिजिटल अरेस्ट पर रखा गया। फिर ठगों ने पीड़ित की बैंक डिटेल निकालकर ₹1.15 करोड़ की राशि अपने खातों में ट्रांसफर कर ली।

इस पूरी घटना के बारें में जब बुजुर्ग के परिजनों को पता लगा तो उन्होंने 29 अक्टूबर को सूरत की साइबर सेल में धोखाधड़ी और डिजिटल अरेस्ट की शिकायत दर्ज कराई। इस मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 46 डेबिट कार्ड, 23 चेकबुक, 28 सिम कार्ड, 9 मोबाइल फोन और अन्य दस्तावेज बरामद किए। धोखेबाजों ने कई बैंक खातों और कंपनियों के रबर स्टांप का इस्तेमाल कर फर्जीवाड़ा किया था।

यह भी पढ़ें   Bilaspur: नाबालिग से दुष्कर्म का आरोपी कोनी पुलिस की गिरफ्त में, लड़की का अपहरण कर हुआ था फरार

गिरोह का मास्टरमाइंड फरार
सूरत की क्राइमब्रांच ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि इस मामले में अभी तक उन्होंने 5 अपराधियों- रमेश सुराना, उमेश जिंजाला, नरेश सुराना, राजेश देवड़ा और गौरांग राखोलिया को पकड़ लिया है। हालांकि इस पूरे खेल का मास्टरमाइंड पार्थ गोपानी अभी भी पुलिस की गिरफ्त से दूर है। पुलिस कहना है कि यह अपराधी कंबोडिया में है। पुलिस ने इस रैकेट का खुलासा करते हुए बताया कि यह पूरा रैकेट चीन की एक गैंग की मदद से चलाया जा रहा था। बता दें, गिरोह ने बुजुर्ग व्यक्ति को मनी लॉन्ड्रिंग के झूठे आरोप लगाकर डिजिटल अरेस्ट का शिकार बनाया और डरा-धमकाकर करोड़ों रुपए ऐठ लिए गए।

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending