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छत्तीसगढ़

खैरागढ़ विधानसभा उपचुनाव: BJP-JCCJ सहित 12 उम्मीदवारों ने भरा पर्चा

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खैरागढ़: विधानसभा उपचुनाव के लिए नाम निर्देशन पत्र दाखिले की अंतिम तिथि तक कुल 12 अभ्यर्थियों ने अपना नामांकन पत्र दाखिल किया है, जिसमें से 4 निर्दलीय और बाकी अन्य राजनीतिक दलों से हैं। 7 मार्च से नाम निर्देशन पत्र दाखिले के लिए अधिसूचना का प्रकाशन किया गया था, लेकिन नामांकन दाखिले के लिए कुल 17 अभ्यर्थियों ने फॉर्म लिया था लेकिन नामांकन दाखिल करने 12 अभ्यर्थी ही पहुंचे। नाम निर्देशन पत्र दाखिले के बाद अब 25 मार्च से नामांकन पत्रों की समीक्षा की जाएगी, तो वहीं नाम वापसी की अंतिम तिथि 28 मार्च 2022 निर्धारित की गई है। इसके बाद मतदान की प्रक्रिया आगामी 12 अप्रैल को संपन्न होगी और 18 अप्रैल को मतगणना की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

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 विधानसभा उपचुनाव के लिए नामांकन के अंतिम दिन भारतीय जनता पार्टी ने रैली निकालकर अपने प्रत्याशी कोमल जंघेल का पर्चा दाखिल कराया। इस दौरान बीजेपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रमन सिंह सहित छत्तीसगढ़ प्रदेश भाजपा के पदाधिकारी रैली में शामिल हुए। इस दौरान रमन सिंह ने प्रदेश के भूपेश बघेल सरकार को शराबबंदी, बेरोजगारी भत्ता, धान का बोनस सहित कई मुद्दों पर घेरा। रमन सिंह ने कहा कि यह माफिया राज से छत्तीसगढ़ मुक्ति चाहता है। उपचुनाव को लेकर रमन सिंह ने कहा कि आने वाले डेढ़ साल के बाद प्रदेश में बड़े परिवर्तन की शुरुआत इस चुनाव से करने जा रहे हैं।

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वहीं,  जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के प्रत्याशी अधिवक्ता नरेंद्र सोनी ने अपना नामांकन दाखिल किया। इस दौरान अमित जोगी, धर्मजीत सिंह और रेणु जोगी समेत पार्टी के कई कार्यकर्ता शामिल रहे। आप को बता दें कि छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस के खैरागढ़ विधायक देवव्रत सिंह के निधन के बाद खाली हुई इस सीट पर उपचुनाव होंगे। जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ के प्रत्याशी नरेंद्र सोनी ने कहा कि उन्हें देवव्रत सिंह के अधूरे काम को पूरा करना है।

छत्तीसगढ़

‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

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गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।

इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।

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“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

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संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।

बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।

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छत्तीसगढ़

सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

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मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

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