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छत्तीसगढ़

शिव महापुराण कथा सुनने उमड़ा जनसैलाब

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रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में स्थित गुढ़ियारी के दही हांडी मैदान में शिव पुराण कथा का आयोजन किया जा रहा है। शिव महापुराण कथा को सुनने जनसैलाब उमड़ रहा है। नजारा ऐसा था मानो कथा नहीं मेला लगा हो। 2 लाख से अधिक लोगों की भीड़ हर दिन जुट रही है। क्योंकि यहां चल रही शिव कथा पंडित प्रदीप मिश्रा की है। गुढ़ियारी की गलियां खचाखच गाड़ियों की पार्किंग से फुल हैं। सैंकड़ों वॉलेंटियर और पुलिस के जवान व्यवस्था संभालने में लगे हैं।

वहीं राजधानी पहुंचे अंतरराष्ट्रीय कथावाचक पं. प्रदीप मिश्रा ने शुक्रवार को प्रेसवार्ता की। इस दौरान उन्होंने कहा कि जो धर्मांतरण करवा रहे हैं, पहले उनके माता-पिता से पूछें कि वो कौन से धर्म से थे? उनके दादा-परदादा कौन से धर्म के थे। क्या उन्होंने कभी शिव के सामने अगरबत्ती नहीं जलाई थी। धर्मांतरण कराने वालों को किसी दबाव में नहीं आना चाहिए। ये उनकी विपरीत बुद्धि है। उनके ऊपर से प्रेशर रहता है, उन्हें इतना माल दिया जाता है कि उन्हें धर्मान्तरण कराना पड़ता है। उन्होंने कहा कि शिव महापुराण के जरिए हिंदू धर्म को संगठित कर रहे हैं। अब लोग शिव भक्ति की ओर बढ़ रहे हैं। शिवभक्ति में लीन हो रहे हैं। पहले शिव मंदिर में जाले लगे होते थे, अब शिव के प्रति लोगों का विश्वास बढ़ रहा है।

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पेट भरने के लिए भी नहीं थे पैसे

प्रदीप मिश्रा ने बचपन की कहानी बताते हुए कहा कि उनके पास पहले भोजन करने के लिए भी पैसे नहीं थे। घर की स्थिति देख कथावाचक बनने का विचार नहीं बना पाया था। अपने कर्म के साथ शिवभक्ति की और भगवान शिव पर विश्वास बनाए रखा रहा। घर पर बहन की शादी थी तो सेठ के घर में भी शादी थी। हमने उनसे अनुरोध किया था, शादी के उस साज सज्जा को जस का तस ही रहने दिया जाए, उस वक्त बुरी परिस्थितियां थी, फिर भोलेनाथ की कृपा इतनी हुई कि उन्होंने पेट तो भरा, साथ ही जीवन में वैभव, यश और सम्मान भी मिल रहा है।

सनातन धर्म के सभी पुराण श्रेष्ठ

महाभारत और शिवपुराण की तुलना पर पं. मिश्रा ने कहा कि सनातन धर्म के सभी पुराण श्रेष्ठ हैं, चाहे वह महाभारत हो या फिर शिवमहापुराण। पहले लोग केवल दीये और अगरबत्ती जलाने मंदिर जाते थे। अब विश्वास के साथ मंदिर जाते हैं। शिव के नाम पर चरस, गांजा के नशे पर उन्होंने कहा कि भगवान शिव ने कोई नशा नहीं किया। कभी चिलम और गांजा नहीं पिया। शिव के सामने नशे का सामान रहता था, लेकिन शिव ने कभी उसका सेवन नहीं किया। जब विष की बूंदे उत्पन्न हुई तो भांग उत्पन्न हुआ वो भगवान शिव के नजदीक में रखा हुआ है। वे उसका सेवन नहीं करते थे। शिव जी कहते हैं मुझे राम और कृष्ण का नशा है।

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राजनीति पर हमेशा से धर्म हावी

राजनीति और धर्म को लेकर पं. मिश्रा ने कहा कि राजनीति पर हमेशा से धर्म हावी रहा है। पहले भी राजा-महाराजाओं के साथ उनके गुरु बैठे रहते थे। इसलिए चाहे केंद्र हो या राज्य, अगर धर्म के अनुसार राजनीति को बढ़ाया जाए तो राजा और प्रजा दोनों सुखी होंगे और हमेशा एक ही राजा रहेगा। उन्होंने ज्ञानव्यापी के फैसले को लेकर कहा कि शिव-शिव हैं। पूरे विश्व की भूमि को कहीं से भी खोदेंगे तो शिव निकलेंगे, बाकी मूर्तियां बाद में प्रकट हुई, लेकिन भगवान शिव का वर्चस्व प्राचीन समय से ही रहा है। निर्णय तो भगवान शिव ही देंगे। जगतगुरु शंकराचार्य के हिंदू राष्ट्र निर्माण को लेकर पं. मिश्रा ने कहा कि पूरा राष्ट्र सनातनी बने। उनके साथ पूरा राष्ट्र है। सनातन धर्म सर्वोपरि हो, सनातन धर्म का हमेशा विजय हो।

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छत्तीसगढ़

‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

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गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।

इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।

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छत्तीसगढ़

“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

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संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।

बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।

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छत्तीसगढ़

सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

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मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

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