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छत्तीसगढ़

बिलासपुर: पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह ने अपराध समीक्षा बैठक में अपराधियों पर सख्त कार्यवाही और नशे के खिलाफ ठोस कदम उठाने के निर्देश दिए”

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पुलिस अधीक्षक, बिलासपुर रजनेश सिंह के द्वारा जिले के समस्त थाना प्रभारी/चौकी प्रभारी एवं पुलिस राजपत्रित अधिकारियों की अपराध समीक्षा बैठक बिलासागड़ी सभा गृह में ली गई। बैठक में अति.पुलिस अधीक्षक, नगर पुलिस अधीक्षक, पुलिस अनुविभागीय अधिकारी एवं उप पुलिस अधीक्षक गण सहित जिले के थाना एवं चौकी प्रभारीगण सम्मिलित हुये।

बैठक के प्रारंभ में महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा कर पुलिस अधीक्षक द्वारा निर्देशित किया गया कि माननीय न्यायालयों में विचाराधीन प्रकरणों में अपराधियों को दंडित कराने हेतु दस्तावेजी साक्ष्य के रूप में व्हिसरा परीक्षण, विवादित दस्तावेजों के परीक्षण व अन्य विशेषज्ञों की रिपोर्ट अनिवार्य रूप से प्रस्तुत किया जावे, ताकि अपराधी कानून की गिरफ्त से छूट न सकें।

थाना क्षेत्र में आपराधिक गतिविधयों पर पूर्ण रूप से अंकुश लगाने हेतु गुण्डे एवं निगरानी बदमाशों की लगातार चेकिंग, लगातार एवं सजगतापूर्वक रात्रि गश्त, थाना क्षेत्र में चल रही गतिविधियों की गोपनीय रूप से जानकारी हासिल कर पूर्व से ही अपराध की रोकथाम करने हेतु सख्त कार्यवाही के निर्देश दिये गये। पंजीबद्ध अपराधों की लगातार विवेचना एवं सार्थक समयबद्ध कार्यवाही कर शीघ्रता से अपराधियों को अभियोजित किया जाना चाहिये।

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ताकि अपराधियों में उनके द्वारा किये गये अपराध पर सख्त कार्यवाही होने का भय बना रहे एवं उनकी गतिविधियों पर अंकुश लग सके। थानों के निरीक्षण में हुये अनुभवों के आधार पर पुलिस अधीक्षक द्वारा थाने में फरियाद लेकर आने वाले आहतों का तत्काल चिकित्सकीय परीक्षण कराने एवं इस आधार पर जांच कर प्रभावी कार्यवाही करने व थाने का अभिलेख दुरूस्त रखने के निर्देश भी दिये गये।

पुराने हिस्ट्रीशीट में बदमाशों की पहचान हेतु अद्यतन फोटोग्राफ लगाने तथा थाने में उनके फोटोग्राफ दृश्य स्थल पर प्रदर्शित करना भी नियंत्रण हेतु एक प्रभावकारी कदम है। थानों में छोटे-छोटे बीट बनाकर आरक्षकों को बीट प्रभारी बनाने व इससे आरक्षकों को उस क्षेत्र विशेष के प्रभारी के अपने उत्तरदायित्वों के प्रति समर्पण का भाव उत्पन्न होगा तथा क्षेत्र की छोटी से छोटी जानकारी बीट प्रभारी आरक्षक के माध्यम से प्राप्त हो सकेगी।

आरक्षकों को नियमानुसार ए एवं बी नोट बुक जिसमें थाने के अपराधियों, गुण्डे बदमाशों, क्षेत्र के प्रबुद्धजनों आदि की जानकारी दर्ज हो सदैव साथ रखने एवं अधिकारियों द्वारा किसी भी समय पूछने पर प्रस्तुत करने इस बैठक के माध्यम से निर्देशित किया गया।

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महिलाओं एवं बच्चों से संबंधित प्रकरणों को गंभीरतापूर्वक लेकर अपराधियों के विरूद्ध समयबद्ध प्रभावी कार्यवाही के निर्देश दिये गये। इस तरह के प्रकरणों में प्रवधानानुसार पीड़ित क्षतिपूर्ति के प्रकरणों में पहल कर राहत दिलवाने हेतु कार्यवाही करने के उत्तदायित्व का उतनी ही गंभीरता से निर्वहन कर सहयोग हेतु निर्देशित किया गया।

बैठक में नशे के नेटवर्क को नष्ट करने हेतु पुलिस अधीक्षक द्वारा निर्देशित किया गया कि क्षेत्र में आसूचना तंत्र सक्रिय कर नशे की सामग्री बेचने वालों के विरूद्ध ठोस कार्यवाही एवं इसके स्त्रोत का पता लगाकर सख्त की जावे तथा क्षेत्र में अवैध शराब, जुआ सट्टा, कबाड़ जैसे अवैध कार्यों को पूर्णतः समाप्त करने कार्यवाही की जावे।

पुलिस अधीक्षक द्वारा थानों में विवेचनाधीन लंबित अपराध, मर्ग, शिकायत, एवं परिवाद जांच अनावश्यक लंबित न रखकर समयबद्ध कार्यवाही कर शीघ्रता से निराकरण करने निर्देशित किया गया । अच्छी कार्यवाही के लिए थानप्रभारियों और विवेचकों को सराहा गया ।


गुंडे बदमाशों पर कठोर कार्यवाही करते हुए ज़िलाबदर और आवश्यक पड़ने पर उनका NSA भी किया जाय ।

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CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

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रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

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इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

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मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

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छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

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रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
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नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

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छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

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छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

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शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

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सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

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