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छत्तीसगढ़

जिले में लक्ष्य का 110 प्रतिशत रासायनिक खाद का भण्डारण, 33 हजार क्विंटल से अधिक खरीफ बीज वितरित

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बिलासपुर। जिले में खरीफ फसल के लिए अब तक लक्ष्य का 110 प्रतिशत रासायनिक खाद भण्डारण और 44 प्रतिशत का वितरण तथा 33 हजार क्विंटल से अधिक खरीफ बीजों का वितरण किसानों को किया जा चुका है। उप संचालक कृषि विभाग बिलासपुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार खरीफ 2021 के लिए जिले में यूरिया, डी.ए.पी., एम.ओ.पी., एस.एस.पी., एन.पी.के. व अन्य रसायनिक उर्वरको के 75 हजार 100 टन भण्डारण के लक्ष्य के विरूद्ध 82 हजार 848 टन खाद का भण्डारण कर लिया गया है। जिसमें से 36 हजार 460 टन का वितरण भी किया गया है।

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भण्डारित खाद सिंगल लाॅक केन्द्रों में 26 हजार 702 टन के विरूद्ध 22 हजार 2 सौ 23 टन का वितरण और निजी दुकानों में 51 हजार 642 टन के विरूद्ध 14 हजार 237 टन का वितरण किया जा चुका है। वितरित खाद में यूरिया 17 हजार 995 टन, डी.ए.पी. 6 हजार 163 टन, एम.ओ.पी. 1 हजार 814 टन एस.एस.पी. 7 हजार 160 टन और एन.पी.के. व अन्य खाद 3 हजार 327 टन वितरित किया गया है।


जिले में खरीफ बीजों के वितरण का कार्य भी प्रगति पर है। जिले में 34 हजार 15 क्विंटल बीज की मांग इस वर्ष थी। जिसके विरूद्ध 37 हजार 56 क्विंटल बीज उपलब्ध है। समितियों में 22 हजार 538 क्विंटल तथा निजी क्षेत्रों में 10 हजार 212 क्विंटल इस तरह 34 हजार 133 क्विंटल बीज भण्डारित किया गया है। भण्डारित बीजों में से अनाज 3 हजार 24 क्विंटल, दलहन 379 क्विंटल, तिलहन 108 क्विंटल और अन्य फसल के बीज 1129 क्विंटल का वितरण किया जा चुका है।

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खरीफ 2021 में अनाज फसल 135.800 हेक्टेर, दलहन 0.277 हेक्टर और तिलहन फसल 137.390 हेक्टर का क्षेत्राच्छादन हो गया है। इस तरह लक्ष्य के विरूद्ध 76.75 प्रतिशत क्षेत्राच्छादन किया जा चुका है। धान का अग्रिम नर्सरी 9785 हेक्टेयर में डाला गया है।

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छत्तीसगढ़

‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

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गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।

इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।

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छत्तीसगढ़

“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

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संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।

बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।

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छत्तीसगढ़

सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

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मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

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