Connect with us

छत्तीसगढ़

कोरबा: 14 हजार 593 गोबर विक्रेताओं ने गोबर बेचकर कमाये 6 करोड़ 85 लाख रूपए

Published

on

Korba: 14 thousand 593 cow dung sellers earned Rs 6 crore 85 lakh by selling cow dung

कोरबा| छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी गोधन न्याय योजना ग्रामीणों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में सफल साबित हो रही है। जिले में गोधन न्याय योजना के प्रारंभ से अब तक योजना अंतर्गत 14 हजार 593 गोबर विक्रेताओं ने तीन लाख 42 हजार क्विंटल गोबर बेचकर छह करोड़ 85 लाख 17 हजार 489 रूपए कमाये हैं। जिले में गोधन न्याय योजना के सुचारू संचालन से ग्रामीणों को गांव में ही आर्थिक लाभ कमाने का जरिया प्राप्त हुआ है।

ग्रामीण गांवों मंे ही गौठानों के माध्यम से गोबर खरीदी के साथ-साथ खरीदे गए गोबर से वर्मी कम्पोस्ट निर्माण कर आर्थिक उन्नति की ओर अग्रसर हो रहे हैं। गोबर बिक्री और वर्मी कम्पोस्ट उत्पादन से आर्थिक लाभ पाकर ग्रामीण खुश हैं। कलेक्टर संजीव झा द्वारा जिले में पशुपालकों एवं किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार लाने तथा गोधन न्याय योजना के बेहतर क्रियान्वयन के लिए गौठानों का सतत् निरीक्षण एवं योजना की लगातार समीक्षा की जा रही है। जिसके सकारात्मक परिणाम फील्ड में देखने को मिल रहे हैं। गोधन न्याय योजना से जहां ग्रामीण गोबर बेचकर आर्थिक लाभ ले रहे हैं वही दूसरी ओर गौठानों में खरीदे गए गोबर से वर्मी खाद बनाकर ग्रामीण महिलाएं एवं पुरूष अपनी आजीविका संवर्धन कर रहे हैं। इसके साथ ही ग्रामीणों द्वारा गौठानों में आजीविका मूलक विभिन्न आर्थिक गतिविधियां की जा रही है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत हो रही है।

यह भी पढ़ें   सूरजपुर: प्रेमी जोड़े की एक ही फंदे पर झूलती मिली लाश, पुलिस कर रही जांच

       जिला पंचायत के सीईओ नूतन कंवर ने बताया कि जनपद पंचायत कोरबा के 52 गौठानों में दो हजार 427 गोबर विक्रेताओं ने 42 लाख 52 हजार 297 किलोग्राम गोबर बेचकर 85 लाख चार हजार 595 रूपए कमाये हैं। जनपद पंचायत करतला के 36 गौठानों में एक हजार 449 गोबर विक्रेताओं ने 28 लाख 47 हजार 798 किलोग्राम गोबर बेचकर 56 लाख 95 हजार 595 रूपए प्राप्त किए हैं। जनपद पंचायत कटघोरा के 24 गौठानों में एक हजार 137 गोबर विक्रेताओं ने 35 लाख 49 हजार 530 किलोग्राम गोबर बेचकर 70 लाख 99 हजार 60 रूपए अर्जित किए हैं।

जनपद पंचायत पाली के 63 गौठानों के पांच हजार 218 गोबर विक्रेताओं द्वारा एक करोड़ 86 हजार 454 किलोग्राम गोबर बेचकर दो करोड़ एक लाख 72 हजार 907 रूपए कमाये हैं। जनपद पंचायत पोड़ीउपरोड़ा के 89 गौठानों के तीन हजार 821 गोबर विक्रेताओं द्वारा 95 लाख 25 हजार 948 किलोग्राम गोबर बेचकर एक करोड़ 90 लाख 51 हजार 896 रूपए प्राप्त किए हैं। नगरीय निकाय के 15 गौठानों, गोबर खरीदी केंद्रों पर 541 गोबर विक्रेताओं द्वारा 39 लाख 96 हजार 714 किलोग्राम गोबर बेचकर 79 लाख 93 हजार 42 रूपए कमाये हैं। इस प्रकार जिले के 279 गौठानों में अब तक 14 हजार 593 गोबर विक्रेताओं, पशुपालकों ने तीन लाख 42 हजार 587 क्विंटल गोबर दो रूपए प्रति किलोग्राम की दर से बेचकर छह करोड़ 85 लाख 17 हजार 479 रूपए कमाये हैं।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

news

CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

Published

on

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

यह भी पढ़ें   Weather Alert : छत्तीसगढ़ के इन इलाकों में बारिश की संभावना

इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

यह भी पढ़ें   बड़ी खबर: गढ़चिरौली में आपस में लड़े जवान, एक-दूसरे पर गोली, दोनों की मौत

मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

Published

on

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
यह भी पढ़ें   चोरी करने वाले आरोपी के खिलाफ बिलासपुर पुलिस का प्रहार

नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

Continue Reading

news

छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

Published

on

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें   चोरी करने वाले आरोपी के खिलाफ बिलासपुर पुलिस का प्रहार

शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

यह भी पढ़ें   सीएम बघेल ने पीएम मोदी को लिखा पत्र, पढ़ें पूरी खबर

सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending