Connect with us

छत्तीसगढ़

प्रदेश में अब तक 1.74 लाख मीट्रिक टन धान की हुई खरीदी, 58 हजार से ज्यादा किसानों ने बेचा धान

Published

on

रायपुरः मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रदेश में धान खरीदी का महाभियान 01 नवम्बर से प्रारंभ है। यह अभियान 31 जनवरी 2023 तक चलेगा। प्रदेश में अब तक किसानों से समर्थन मूल्य पर लगभग 1 लाख 74 हजार मीट्रिक टन धान की खरीदी की जा चुकी है। आज 9 नवम्बर को किसानों से 55 हजार 707 मीट्रिक टन धान की खरीदी की गई। धान के एवज में किसानों को बैंक लिंकिंग व्यवस्था के तहत अब तक 375.11 करोड़ रुपये का भुगतान जारी कर दिया गया है।

खाद्य विभाग के सचिव टोपेश्वर वर्मा ने बताया कि धान बेचने वाले किसानों को आज 23,682 टोकन जारी किए गए थे। टोकन तुंहर हाथ एप्प के द्वारा 2687 टोकन जारी किए गए थे। आगामी दिवस की खरीदी के लिए राज्य में धान उपार्जन के लिए 22,317 टोकन तथा तुंहर हाथ एप के जरिये 2,469 टोकन जारी किए गए हैं। राज्य में धान खरीदी निर्बाध रूप से जारी है। अधिकारी धान की व्यवस्था पर निरंतर निगरानी बनाए हुए हैं। धान खरीदी को लेकर कहीं से किसी भी प्रकार की शिकायत नहीं मिली है।

यह भी पढ़ें   यात्रियों को किफ़ायती दर पर स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल

खाद्य सचिव वर्मा ने बताया कि पिछले वर्ष की तरह इस वर्ष भी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देश पर धान खरीदी के साथ साथ कस्टम मिलिंग के लिए धन का उठाव प्राम्भ हो गया है। अब तक 22 हजार 192 मीट्रिक टन धान के उठाव के लिए जारी किए गए हैं। जिसके एवज में उपार्जन केंद्रों से 3,692 मीट्रिक टन धान का उठाव हो चुका है।

खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष लगभग 110 लाख मीट्रिक धान का उपार्जन अनुमानित है। समर्थन मूल्य पर धान बेचने के लिए राज्य में 25.92 लाख किसानों का पंजीयन हुआ है, जिसमें लगभग 1.86 लाख नये किसान है। राज्य में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए 2497 उपार्जन केन्द्र बनाए गए हैं। इस साल किसानों से सामान्य धान 2040 रूपए प्रति क्विंटल तथा ग्रेड-ए धान 2060 रूपए प्रति क्विंटल की दर से खरीदा जा रहा है।

छत्तीसगढ़

‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

Published

on

गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।

इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।

यह भी पढ़ें   यात्रियों को किफ़ायती दर पर स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
Continue Reading

छत्तीसगढ़

“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

Published

on

संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।

बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।

यह भी पढ़ें   10 सेवाओं को अधिसूचित कर डाक मतपत्र के माध्यम से मतदान करने की दी गई सुविधा
Continue Reading

छत्तीसगढ़

सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

Published

on

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

यह भी पढ़ें   Bilaspur: 21 नाबालिक वाहन चालक पर यातायात की कार्यवाही
Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending