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छत्तीसगढ़

बेकरी व्यवसाय से जुड़कर समूह की महिलाओं ने बनाई अलग पहचान, कई प्रकार के केक बनाकर एक माह में कमाए 36 हजार रुपए

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रायपुर| अपने हुनर और हौसले से छोटे से गांव बावनकेरा की महिलाओं ने अपनी अलग पहचान बना ली है। उनकी यह पहचान बनी है उनके द्वारा बनाए जा रहे बेकरी सामानों और अलग-अलग प्रकार के डिजाइन वाले केक से। गांव की इन महिलाओं ने केक विक्रय कर एक माह में 36 हजार रूपये का मुनाफा कमाया है।


महासमुंद जिले के बावनकेरा गांव में जय मां शारदा महिला स्व-सहायता समूह की इन महिलाओं ने ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत विगत जून माह में केक बनाने का प्रशिक्षण प्राप्त किया। इसके बाद उन्होंने केक बनाने का ऑर्डर लेना शुरू कर दिया। गांव में ही उन्हें 25 जून से 30 जुलाई तक जन्मदिन, सालगिरह सहित अन्य समारोह के लिए 120 केक बनाने का ऑर्डर मिला, जिससे वे 36 हजार रूपए का मुनाफा कमा चुकी है। इससे महिलाओं में काफी उत्साह है। इनके द्वारा बनाए केक ग्राहकों को बहुत पंसद आ रहे हैं और केक खरीदने ग्रामीणों बाहर जाना नही पड़ रहा है। इनसे प्रभावित होकर गांव की अन्य महिलाएं भी बेकरी का काम सीखकर अपनी आमदनी बढ़ाना चाहती हैं।

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उल्लेखनीय है कि ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के तहत् महिलाओं के सामाजिक, आर्थिक विकास के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है। इसके तहत महिला समूहों को कई प्रकार की आर्थिक गतिविधियों से जोड़ा गया है। कई महिला समूह मिलकर हैण्डवॉश, फिनाईल, वाशिंग पाउडर, आचार, बड़ी-पापड़ का निर्माण करती हैं। अजीविका मिशन के तहत व्यवसाय शुरू करने के लिए उन्हें आर्थिक सहायता भी प्रदान की जाती है। जिला प्रशासन द्वारा विशेष पहल करते हुए महिला समूहों द्वारा तैयार सामग्रियों को सिरपुर ब्रांड नाम से विक्रय किया जा रहा है। इसके लिए जिला मुख्यालय सहित सभी ब्लॉक मुख्यालयों में स्टॉल लगाए गए हैं। इससे महिलाओं की आर्थिक एवं सामाजिक स्थिति में सुधार होने लगा है।

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छत्तीसगढ़

‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

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गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।

इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।

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छत्तीसगढ़

“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

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संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।

बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।

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छत्तीसगढ़

सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

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मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

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