Connect with us

छत्तीसगढ़

मुख्य सचिव ने की महिला एवं बाल विकास, वाणिज्य एवं उद्योग और उच्च शिक्षा विभाग की समीक्षा की

Published

on

रायपुर। मुख्य सचिव अमिताभ जैन ने मंत्रालय महानदी भवन में राज्य शासन की प्राथमिकता की योजनाओं एवं कार्यक्रमों के समीक्षा के क्रम में महिला एवं बाल विकास, वाणिज्य एवं उद्योग और उच्च शिक्षा विभाग के काम-काज की गहन समीक्षा की।

मुख्य सचिव ने महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों से कहा कि मुख्यमंत्री सुपोषण योजना के तहत सर्वे में पाए गए 0 से 5 वर्ष तक के कुपोषित बच्चों को सुपोषित करने के लिए व्यापक रणनीति के तहत कार्य करें। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि एक भी बच्चा कुपोषित नहीं रहे इसके लिए सभी जरूरी उपाय करें। कुपोषित बच्चों को गरम भोजन दिया जाए। अधिक कुपोषित बच्चों को एनआरसी केन्द्रों में रखकर उनका विशेष ईलाज किया जाए।मुख्य सचिव ने वाणिज्य एवं उद्योग तथा सार्वजनिक उपक्रम विभाग की समीक्षा करते हुए ग्रामीण एवं कुटीर उद्योग नीति, मार्केटिंग व्यवस्था, एथेनॉल प्लांट की स्थापना, महिला समूहों महिला उद्यामियों और महिला व्यवसायियों एवं महिला स्टार्टअप को व्यापार उद्योग स्थापित करने हेतु नवीन योजना प्रारंभ करने के संबंध में अधिकारियों से विस्तार से जानकारी ली। बैठक में उच्च शिक्षा विभाग के अधिकारियों से राज्य के प्रमुख नगरों में स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी माध्यम आदर्श महाविद्यालय प्रारंभ करने के संबंध में विस्तार से जानकारी ली।

यह भी पढ़ें   छत्तीसगढ़ में अब तक 808.3 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज

बैठक में मुख्यमंत्री के अपर मुख्य सचिव सुब्रत साहू मौजूद थे।वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के अधिकारियों ने प्रस्तुतीकरण के जरिए छत्तीसगढ़ महिला उद्यमिता नीति 2023 के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि महिलाओं की आर्थिक उन्नति एवं आर्थिक सशक्तिकरण करना है। इसके लिए उद्यमिता में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की जा रही हैं। राज्य की महिलाओं की आर्थक एवं सामाजिक स्थिति को सुदृढ़ किया जाना है। महिला श्रम शक्ति को प्रशिक्षित कर उन्हें रोजगार की सुनिश्चिता प्रदान करना है।

इसी प्रकार से कृषि संबंधित सहायक उद्योग, व्यवसाय, कुटीर उद्योग तथा सेवा क्षेत्रों से संबंधित गतिविधियों को बढ़ावा देना है। अधिकारियों ने बताया कि छत्तीसगढ़ महिला उद्यमिता नीति 2023 के अंतर्गत विशेष वित्तीय सुविधाएं महिलाओं को प्रदान की जाएगी। महिला उद्यमियों को ब्याज अनुदान, स्थायी पूंजी निवेश अनुदान, लघु एवं मध्यम उद्योग हेतु विद्युत शुल्क, स्टाम्प शुल्क, मण्डी शुल्क, भू-उपयोग में परिवर्तन शुल्क में छूट प्रदान किया जाएगा। महिला उद्यमियों हेतु गुणवत्ता प्रमाणीकरण, तकनीकी पेटेन्ट, प्रौद्योगिकी क्रय अनुदान और दिव्यांग रोजगार प्रदान किया जाएगा।

यह भी पढ़ें   अवैध तांबा तार केबल चोरी करने वालों पर हिर्री पुलिस की कार्यवाही, 4 आरोपी गिरफ्तार

इसी तरह से पर्यावरणीय प्रोजेक्ट प्रबंधन अनुदान प्रदान करने की सुविधाएं महिला उद्यामियों को दी जाएगी। महिलाओं को उद्योग क्षेत्रो, औद्योगिक पार्कों में भू-आबंटन पर भू-प्रीमियम में छूट सहित अन्य रियायत दी जाएगी। इसी तरह से महिला उद्यमियों को ईपीएफ, ईएसआई अंशदान में छूट प्रदान की जाएगी।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

news

CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

Published

on

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

यह भी पढ़ें   जल संसाधन विभाग में 14 सहायक अभियंताओं की पदोन्नति…

इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

यह भी पढ़ें   अबूझमाड़: 30 साल बाद नक्सल आतंक के साए से मुक्त, गारपा का साप्ताहिक बाजार फिर से शुरू

मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

Published

on

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
यह भी पढ़ें   छत्तीसगढ़ में अब तक 808.3 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज

नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

Continue Reading

news

छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

Published

on

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें   छत्तीसगढ़ योग आयोग के सदस्य रविंद्र सिंह के द्वारा चौथा नेशनल योगासन स्पोर्ट्स के खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया

शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

यह भी पढ़ें   बिलासपुर : शादी का प्रलोभन देकर शारीरिक शोषण का आरोपी तत्काल गिरफ्तार

सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending