Connect with us

छत्तीसगढ़

यातायात पुलिस एवं निगम प्रशासन में ली बेसमेंट पार्किंग व्यवस्था पर हुई बैठक

Published

on


बिलासपुर। विगत दिनों वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर झा द्वारा यातायात अधिकारियों की बैठक लेकर शहर की यातायात व्यवस्था में अपेक्षित सुधार हेतु शहर की पार्किंग व्यवस्था को व्यवस्थित किए जाने व्यवसायिक परिसरों में बेसमेंट पार्किंग का सही वह पूर्ण ढंग से उपयोग कराए जाने हेतु निर्देश दिया गया था।
इसी क्रम में आज दिनांक 25 अगस्त 2021 को यातायात पुलिस के प्रभारी अधिकारी रोहित बघेल एवं नगर पालिका पालिक निगम के उपायुक्त दिलीप तिवारी द्वारा स्थानीय बिलासा गुड़ी,पुलिस लाइन में ऐसे व्यवसायिक परिसर जहां वाहनों की पार्किंग हेतु बेसमेंट पार्किंग व्यवस्था है,किंतु सही ढंग से पार्किंग नहीं होने से यातायात बाधित होता है,ऐसे व्यवसायिक परिसर के संचालन व यहां संचालित दुकानदारों की बैठक ली गई।
इस बैठक में आपसी चर्चा उपरांत निम्न अनुसार एजेंडा बिंदुओं पर विचार-विमर्श कर पार्किंग व्यवस्था में अपेक्षित सहयोग हेतु पुलिस एवं निगम प्रशासन तथा व्यापारीगण में सहमति बनी है।
01 व्यवसायिक परिसर में स्थित बेसमेंट/ पार्किंग स्थल को पूर्णता ग्राहकों/उपभोक्ताओं के लिए वाहनों के लिए सुरक्षित रखा जावें।
02 पार्किंग का उपयोग सिर्फ वाहनों की पार्किंग व्यवस्था हेतु रखी जावे

यह भी पढ़ें   सारंगढ़-बिलाईगढ़ : चिरायु से 10 वर्षीय सीमा के जन्मजात विकृति का हुआ निःशुल्क ऑपरेशन

03 बेसमेंट पार्किंग स्थल का उपयोग वाहन पार्किंग के अलावा अन्य किसी भी उपयोग जैसे गोदाम सामान स्टोर रूम अथवा जनरेटर किसी भी प्रकार से अन्य उपयोग में ना लावे
04 सभी व्यवसायिक परिसरों में पार्किंग व्यवस्था हेतु प्रथक से एक सुरक्षा गार्ड नियुक्त कर वाहनों की व्यवस्थित ढंग से पार्किंग कराई जावे
05 व्यवसायिक परिसर के सामने किसी भी स्थिति में कोई भी वाहन खड़ी ना की जाए
06 व्यवसायिक परिसर के संचालक यह सुनिश्चित करें कि आपके प्रतिष्ठान के सामने मुख्य मार्ग में वाहन आदि से यातायात बाधित ना हो
07 जाम आदि की स्थिति में संपूर्ण जिम्मेदारी आपकी होगी व्यवसायिक परिसर के सामने मुख्य मार्ग अथवा यलो लाइन पर किसी भी प्रकार से वाहन बाहर खड़ी ना कराई जाए
08 परिसर के सामने किसी भी प्रकार के भवन निर्माण सामग्री जैसे रेत गिट्टी आदि का ढेर ना लगावे
09 पार्किंग स्थान से निकलने वाले कचरा कबाड़ी सामान आदि का ढेर परिसर के आसपास ना लगाया जावे अपितु साफ सफाई का ध्यान रखें
10 व्यवसायिक परिसर के सामने एवं पार्किंग स्थल पर सीसीटीवीएस लगाई जावे
11 व्यवस्था संबंधी अन्य बिंदुओं पर चर्चा
एजेंडा बिंदुओं के अनुसार अच्छी बेसमेंट पार्किंग व्यवस्था हेतु आपसी सहमति के साथ व्यवसायियों द्वारा व्यवस्था संबंधी कुछ दिक्कतों को भी बैठक में रखा जिसमें सुपरमार्केट के पार्किंग स्थल एवं पीछे निकास द्वार पर कुछ लोगों द्वारा अतिक्रमण कर यातायात बाधित किए जाने की बात कही जिस पर यातायात पुलिस एवं निगम प्रशासन की टीम द्वारा अति शीघ्र उचित व्यवस्था की कार्यवाही की जावेगी. इसी प्रकार रघुराज सिंह स्टेडियम के स्थित पार्किंग व्यवस्था को पुनः व्यवस्थित किए जाने व्यापारियों से भी सुझाव लिया गया जिसे अतिशीघ्र वाहनों की पार्किंग हेतु व्यवस्थित कर उपलब्ध कराया जावेगा आगामी एक सप्ताह उपरांत सभी बेसमेंट स्थलों का यातायात पुलिस एवं निगम निगम की संयुक्त टीम द्वारा स्थल निरीक्षण किया जावेगा तथा मीटिंग में नियत किए गए बिंदुओं पर सहयोग नहीं करने वाले व्यवसायिक परिसर संचालक दुकानदारों पर व्यापारी संघ के सहयोग से ही वैधानिक कार्यवाही अमल लाई जावेगी आज की बैठक में मंगला क्षेत्र तथा लिंक रोड परी क्षेत्र तथा सरकंडा व कोतवाली यातायात क्षेत्र के व्यापारीगण उपस्थित हुए।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

news

CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

Published

on

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

यह भी पढ़ें   CG Breaking: राष्ट्रीय OBC आयोग के अध्यक्ष ने छत्तीसगढ़ में आरक्षण रोस्टर पर उठाए सवाल

इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

यह भी पढ़ें   महासमुन्द : गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू महासमुंद में करेंगे ध्वजारोहण

मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

Published

on

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
यह भी पढ़ें   पूर्व मध्य रेलवे समस्तीपुर रेल मंडल के मुक्तापुर–समस्तीपुर सेक्शन में रेलवे लाइन पर जल भराव होने के कारण कुछ गाड़ियों का परिचालन प्रभावित

नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

Continue Reading

news

छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

Published

on

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें   छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग की भृत्य परीक्षा आज

शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

यह भी पढ़ें   राज्‍य प्रशासनिक सेवा के 23 अफसरों का हुआ तबादला, यहाँ देखें लिस्ट

सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending