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17 फ़रवरी राशिफल : जानिए कैसा होगा आपका आज का दिन

मेष राशि- मन प्रसन्न रहेगा। कारोबार में परिश्रम थोड़ा अधिक रहेगा। आय की स्थिति में सुधार होगा। मित्रों का सहयोग भी मिलेगा। खर्चों की अधिकता से परेशान हो सकते हैं। आत्मविश्वास में कमी आएगी। स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहें। लंबी यात्रा के योग बन रहे हैं। शैक्षिक कार्यों में सफलता के योग हैं।
वृष राशि- नौकरी में उच्च पद की प्राप्ति हो सकती है। शासन से मान-सम्मान की प्राप्ति हो सकती है। कार्यक्षेत्र में परिवर्तन की सम्भावना भी बन रही है। लेखनादि-बौद्धिक कार्यों से आय के साधन बन सकते हैं। परिवार में धार्मिक कार्यों के योग बन रहे हैं। वाणी में कठोरता का प्रभाव रहेगा।
मिथुन राशि- आत्मविश्वास में कमी रहेगी। आत्मसंयत रहें। कारोबार की स्थिति में सुधार होगा। किसी मित्र के सहयोग से रोजगार के अवसर मिल सकते हैं। सेहत का ध्यान रखें। संचित धन में कमी आ सकती है। शैक्षिक कार्यों में कठिनाइयां आ सकती हैं। माता को स्वास्थ्य विकार रहेंगे। रहन-सहन अव्यवस्थित रहेगा।
कर्क राशि- वाणी में मधुरता रहेगी। आत्मसंयत रहें। स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहें। आय में कमी के बावजूद नए स्रोत बनने का मार्ग प्रशस्त होगा। दाम्पत्य सुख में वृद्धि होगी। शैक्षिक कार्यों में व्यवधान आ सकते हैं। सुस्वादु खानपान में रुचि रहेगी। खर्चों की अधिकता रहेगी। शुभ समाचार मिलेगा।
सिंह राशि- मन में शान्ति एवं प्रसन्नता रहेगी। नौकरी में तरक्की के मार्ग प्रशस्त होंगे। कार्यक्षेत्र में वृद्धि होगी। विदेश यात्रा के योग भी बन रहे हैं। आय में वृद्धि होगी। वस्त्रों के प्रति रुझान बढ़ सकता है। कार्यक्षेत्र में परिश्रम की अधिकता रहेगी। रहन-सहन अव्यवस्थित रहेगा। आत्मविश्वास में कमी आएगी।
कन्या राशि- मन प्रसन्न रहेगा। परिवार के साथ किसी धार्मिक स्थान पर जाने का कार्यक्रम बन सकता है। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। खर्चों की अधिकता रहेगी। वाणी में सौम्यता रहेगी। मानसिक उलझनें रहेंगी। स्वभाव में चिड़चिड़ापन रहेगा। रहन-सहन में असहज रहेंगे। माता से वैचारिक मतभेद हो सकते हैं।
तुला राशि- कला या संगीत के कार्यों में व्यस्तता बढ़ सकती है। शैक्षिक कार्यों में सफलता मिलेगी। बौद्धिक कार्यों से आय में वृद्धि हो सकती है। मित्रों का सहयोग मिलेगा। पारिवारिक जीवन कष्टमय रहेगा। माता का साथ मिलेगा। वस्त्रों आदि पर खर्च बढ़ सकते हैं। जीवनसाथी को स्वास्थ्य विकार हो सकते हैं।
वृश्चिक राशि- नौकरी में परिवर्तन के साथ तरक्की के अवसर मिल सकते हैं। अफसरों का सहयोग मिलेगा। किसी दूसरे स्थान पर जा सकते हैं। वस्त्रों पर खर्च बढ़ सकते हैं। कार्यक्षेत्र में अनुकूल परिस्थितियां रहेंगी। मानसिक तनाव बना रह सकता है। विपरीत परिस्थितियों में जल्दबाजी में निर्णय लेने से बचें।
धनु राशि- मानसिक शान्ति बनाये रखने का प्रयास करें। धार्मिक कार्यों में व्यस्तता बढ़ सकती है। किसी मित्र के सहयोग से आय में वृद्धि हो सकती है। मेहनत अधिक रहेगी। सन्तान की ओर से सुखद समाचार मिल सकता है। आत्मविश्वास में कमी आएगी। लाभ के अवसरों में बढ़ोतरी होगी।
मकर राशि- आत्मविश्वास से लबरेज रहेंगे। आलस्य की अधिकता भी हो सकती है। जीवनसाथी के स्वास्थ्य का ध्यान रखें। वाहन के रखरखाव पर भी खर्च बढ़ेंगे। स्वास्थ्य के प्रति सतर्क रहें। नौकरी में कार्यक्षेत्र का विस्तार हो सकता है। परिवार का सहयोग मिलेगा। धार्मिक स्थान की यात्रा पर जाना हो सकता है।
कुंभ राशि- मन प्रसन्न रहेगा, परन्तु अपनी भावनाओं को वश में रखें। किसी मित्र के सहयोग से नौकरी के अवसर मिल सकते हैं। यात्रा पर खर्च बढ़ सकते हैं। सेहत का ध्यान रखें। आत्मविश्वास भरपूर रहेगा। धैर्यशीलता में कमी भी आयेगी। मानसिक परेशानियां बढ़ेंगी। व्यापार के विस्तार को लेकर चिंतित रहेंगे।
मीन राशि- स्वास्थ्य का ध्यान रखें। खर्च अधिक रहेंगे। शैक्षिक कार्यों पर ध्यान दें। परिवार में धार्मिक कार्य होंगे। माता से धन की प्राप्ति हो सकती है। आत्मसंयत रहें। परिवार का सहयोग मिलेगा। अनियोजित खर्च बढ़ सकते हैं। धार्मिक संगीत के प्रति रुझान बढ़ सकता है। मन अशान्त रहेगा।
देश
‘मोदी नाम की बीमारी…’ PCC चीफ दीपक बैज का भड़काउ बयान

रायपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल के 12 वर्ष पूरे होने पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) देशव्यापी जनसंपर्क अभियान चला रही है। इसी कड़ी में केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह दो दिवसीय दौरे पर छत्तीसगढ़ पहुंचे हैं। रायपुर पहुंचते ही उन्होंने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला, जिस पर अब छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष दीपक बैज ने कड़ा पलटवार किया है। दीपक बैज ने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा के नेता ‘मोदी नाम की बीमारी’ से बाहर नहीं आ पा रहे हैं।
गिरिराज सिंह ने कांग्रेस पर साधा था निशाना
छत्तीसगढ़ दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने केंद्र सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि पीएम मोदी के कार्यकाल में देश ने तकनीकी, आर्थिक और सामाजिक क्षेत्रों में ऐतिहासिक प्रगति की है। उन्होंने विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस को देश में हुआ यह विकास दिखाई नहीं देता।
सत्ता के नशे में आंखें चौंधिया गई हैं: दीपक बैज
केंद्रीय मंत्री के इस बयान पर पलटवार करने में कांग्रेस ने भी देरी नहीं की। पीसीसी चीफ दीपक बैज ने मीडिया से बातचीत में कहा:
“भाजपा के लोग मोदी नामक बीमारी से बाहर नहीं आ पा रहे हैं। एक तरफ देश में महंगाई आसमान छू रही है, पेट्रोल-डीजल और गैस सिलेंडर के दाम
आम जनता की पहुंच से बाहर हो रहे हैं, और दूसरी तरफ भाजपा के नेता कह रहे हैं कि विकास हो रहा है।”
‘पेट्रोल पंप जाकर जनता से पूछें विकास की हकीकत’
दीपक बैज ने केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह को नसीहत देते हुए कहा कि अगर उन्हें असल विकास देखना है, तो सिक्योरिटी छोड़कर किसी भी आम पेट्रोल पंप पर जाएं और वहां खड़े आम नागरिकों से पूछें कि देश में कितना विकास हुआ है। जनता खुद उन्हें सच्चाई का जवाब दे देगी। बैज ने आगे कहा कि गिरिराज सिंह को सत्ता का नशा हो गया है, जिसके कारण उनकी आंखें चौंधिया गई हैं और उन्हें जनता की तकलीफें दिखाई नहीं दे रही हैं।
छत्तीसगढ़
कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
- कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प
पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।
- बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:
परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।
भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।
खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।
“सुशासन सरकार का संकल्प”
सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
देश
पीएम मोदी के नेतृत्व में राज्यों में बीजेपी का विस्तार, कई प्रदेशों में रचा नया राजनीतिक इतिहास

नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के कई राज्यों में अपनी राजनीतिक पकड़ मजबूत करते हुए लगातार चुनावी सफलताओं का नया इतिहास रचा है। एक समय जिन राज्यों में बीजेपी का प्रभाव सीमित था, वहां आज पार्टी न केवल सत्ता में पहुंची है बल्कि लगातार जीत दर्ज कर अपनी स्थिति को और मजबूत किया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पिछले एक दशक में बीजेपी ने संगठन विस्तार, मजबूत नेतृत्व और प्रभावी चुनावी रणनीति के दम पर देश के विभिन्न हिस्सों में अपना जनाधार बढ़ाया है। महाराष्ट्र, हरियाणा, असम, त्रिपुरा और ओडिशा जैसे राज्यों में पार्टी ने उल्लेखनीय प्रदर्शन करते हुए नई राजनीतिक इबारत लिखी है।
- महाराष्ट्र और हरियाणा से मिली नई दिशा
साल 2014 बीजेपी के लिए कई मायनों में ऐतिहासिक साबित हुआ। महाराष्ट्र में पार्टी सबसे बड़ी राजनीतिक ताकत बनकर उभरी और देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में पहली बार पूर्ण रूप से बीजेपी सरकार का गठन हुआ। इसी वर्ष हरियाणा में भी पार्टी ने नया इतिहास रचते हुए मनोहर लाल खट्टर को मुख्यमंत्री बनाया। इसके बाद दोनों राज्यों में बीजेपी ने लगातार चुनावी सफलता हासिल कर अपनी मजबूत उपस्थिति बनाए रखी।
- पूर्वोत्तर में मजबूत हुआ कमल
पूर्वोत्तर भारत में बीजेपी का विस्तार वर्ष 2016 से तेज़ी से शुरू हुआ। असम में पहली बार पार्टी की सरकार बनी और सर्बानंद सोनोवाल मुख्यमंत्री बने। इसके बाद अरुणाचल प्रदेश में पेमा खांडू और मणिपुर में एन. बीरेन सिंह के नेतृत्व में बीजेपी ने अपनी राजनीतिक स्थिति मजबूत की। वर्ष 2018 में त्रिपुरा में वामपंथी दलों के लंबे शासन को समाप्त कर बीजेपी ने ऐतिहासिक जीत दर्ज की।
- ओडिशा में बदला राजनीतिक समीकरण
वर्ष 2024 में ओडिशा की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला। लंबे समय तक सत्ता में रही क्षेत्रीय राजनीति को चुनौती देते हुए बीजेपी ने पहली बार पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाकर राज्य में नया राजनीतिक अध्याय शुरू किया।
- संगठन और रणनीति का मिला लाभ
बीजेपी की लगातार चुनावी सफलताओं को पार्टी संगठन की मजबूती, कार्यकर्ताओं की सक्रियता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी ने विभिन्न राज्यों में स्थानीय मुद्दों को राष्ट्रीय दृष्टिकोण के साथ जोड़ते हुए मतदाताओं तक अपनी पहुंच बढ़ाई है।


















