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छत्तीसगढ़

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के 20वें स्थापना दिवस के अवसर पर स्पोर्ट्स मीट,वृक्षारोपण, स्वच्छता अभियान एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का हुआ आयोजन

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बिलासपुर

आज दिनांक 01 अप्रैल’ 2022 को दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने अपनी स्थापना के 19 वर्ष पूर्ण कर 20वें वर्ष में कदम रखा है । दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे की स्थापना  01 अप्रैल 2003 को तत्‍कालीन माननीय प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी बाजपेयी के करकमलों द्वारा की गई थी । 20वां स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में आज दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया । 

इसी कड़ी में प्रातः नार्थ ईस्ट इंस्टीट्यूट ग्राउंड में स्पोर्ट्स मीट का आयोजन किया गया, जिसमें तीनों रेल मंडलो बिलासपुर, रायपुर एवं नागपूर में हुए खेल प्रतियोगिताओं के आज फाइनल मैच का आयोजन किया गया । इस आयोजन में  बिलासपुर, रायपुर एवं नागपुर रेल मंडलों के खिलाड़ियों ने भाग लिया । 

इसके साथ ही इस अवसर पर एनईआई ग्राउंड में वृक्षारोपण का आयोजन किया गया था, जिसमें महाप्रबंधक श्री आलोक कुमार, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे महिला कल्याण संगठन (सेक्रो) की अध्यक्षा, श्रीमती वनिता जैन सहित सभी विभागाध्यक्षों एवं अधिकारियों ने वृक्ष रोपित किए तथा मुख्यालय परिसर में स्वच्छता अभियान भी चलाया गया ।

स्थापना दिवस कार्यक्रम के अंतर्गत सायंकाल को नार्थ ईस्ट इंस्टीट्यूट सभागार में विभिन्न खेलों के विजेताओं को पुरस्कार वितरण के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, जिसमें रेल कर्मियों एवं उनके परिजनों तथा रेलवे सांस्कृतिक टीम के सदस्यों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए । 

इस अवसर पर महाप्रबंधक, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे श्री आलोक कुमार ने सभी रेल कर्मियों एवं उनके परिजनो को दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे की 20वां स्थापना दिवस की बधाई देते हुए अब तक की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला । साथ ही उन्होने सभी रेल कर्मियों को संबोधित करते हुए आगे भी पूर्ण निष्ठा के साथ दृढ़ संकल्पित होकर अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने का आह्वान किया ।

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छत्तीसगढ़

‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

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गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।

इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।

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छत्तीसगढ़

“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

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संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।

बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।

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छत्तीसगढ़

सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

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मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

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