Connect with us

छत्तीसगढ़

फिल्मकारों को लुभा रहा है छत्तीसगढ़

Published

on

chhattisgarh_rain

रायपुरः  प्रदेश की नई फिल्म नीति मुम्बई के ख्यातिनाम फिल्मकारों को छत्तीसगढ़ में अपनी फिल्मों और वेब-सीरिज की शूटिंग के लिए आकर्षित कर रही है। हाल ही में  तिग्मांशु धुलिया निर्देशित व आशुतोष राणा अभिनीत वेब-सीरिज ‘सिक्स सस्पेक्ट्स’ की शूटिंग के बाद अब देश के नामचीन फिल्मकार सुधीर मिश्रा ‘सोनी लिव’ तथा ‘स्टूडियो नेक्स्ट’ पर प्रसारित होने वाली अपनी वेब-सीरिज ‘जहांनाबाद’ की शूटिंग के लिए यहां आ रहे है। आगामी नवम्बर माह से करीब दो महीनों तक कांकेर, कवर्धा, राजनांदगांव और रायपुर के विभिन्न लोकेशन्स पर इसका फिल्मांकन होगा। स्थानीय कलाकारों और तकनीशियनों को भी इसमें काम करने का मौका मिलेगा

उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में 8 सितम्बर को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में राज्य की नई फिल्म नीति को मंजूरी दी गई है। नई नीति के तहत यहां फिल्मों के निर्माण के लिए स्थानीय फिल्मकारों की सहायता के साथ ही पर्यटन और अधोसंरचना की मजबूती के लिए बॉलीवुड के फिल्मकारों को भी आकर्षित किया जाएगा। नई फिल्म नीति के अनुसार छत्तीसगढ़ को फिल्म अनुकूल राज्य बनाने, फिल्मों की शूटिंग के लिए सेंट्रल हब के रूप में विकसित करने, स्थानीय प्रतिभाओं के लिए रोजगार के अवसरों के विकास और फिल्म निर्माण के लिए निवेशकों को प्रोत्साहित करने के साथ ही यहां के प्राकृतिक व सांस्कृतिक स्थलों को फिल्मों के माध्यम से राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पहचान दिलाई जाएगी।

यह भी पढ़ें   छत्तीसगढ़ में अब तक 904.8 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज

मशहूर फिल्मकार सुधीर मिश्रा ने प्रदेश की नई फिल्म नीति का स्वागत करते हुए कहा कि इसकी बहुत जरूरत थी। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की इस पहल से इस खूबसूरत राज्य के विभिन्न लोकेशन्स में शूटिंग के लिए फिल्मकारों को मदद और सुविधाएं मिलेंगी। यहां हर तरह के लोकेशन्स हैं। घने जंगल, आदिवासी इलाके, भिलाई इस्पात संयंत्र, प्राचीन शहरों और मंदिरों के साथ रायपुर और बिलासपुर के मनमोहक नजारे भी हैं।  मिश्रा ने बताया कि हम लोगों ने ‘सोनी लिव’ और ‘स्टूडियो नेक्स्ट’ पर प्रसारित होने वाली अपनी वेब-सीरिज ‘जहांनाबाद’ की शूटिंग के लिए छत्तीसगढ़ को चुना है। यह राजीव बरनवाल द्वारा लिखित तथा उनके व सत्यांशु सिंह द्वारा निर्देशित अद्भूत शो है। पाराम्ब्रता चट्टोपाध्याय, रजत कपूर, साब्यसाची चक्रबर्ती और इश्वाक सिंह जैसे बड़े और उभरते कलाकार इसमें अभिनय कर रहे हैं।

यह भी पढ़ें   यातायात पुलिस व नगर निगम बिलासपुर द्वारा यातायात को बाधित करने वाले अतिक्रमण कारियो के खिलाफ की गई कार्यवाही

राज्य योजना आयोग के सलाहकार एवं प्रदेश की नई फिल्म नीति तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले गौरव द्विवेदी ने बताया कि बॉलीवुड के फिल्मकार हाल ही में घोषित प्रदेश की नई फिल्म नीति में गहरी दिलचस्पी ले रहे हैं और वे शूटिंग के लिए छत्तीसगढ़ आ रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के आह्वान ‘गढ़वो नवा छत्तीसगढ़’ के मुताबिक नई फिल्म नीति की घोषणा के कुछ दिनों के भीतर ‘जहांनाबाद’ दूसरी वेब-सीरिज होगी जिसकी शूटिंग छत्तीसगढ़ में होगी। उन्होंने बताया कि निर्माता-निर्देशक अनुभव सिन्हा, श्री अनुराग कश्यप, निखिल द्विवेदी, अजय राय और मधु भोजवानी भी अपनी आगामी फिल्मों एवं वेब-सीरिज के फिल्मांकन के लिए छत्तीसगढ़ में संभावनाएं तलाश रहे हैं।

news

CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

Published

on

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

यह भी पढ़ें   धान खरीदी केन्द्र नागपुर प्रभारी को कारण बताओ नोटिस

इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

यह भी पढ़ें   मां बम्लेश्वरी मंदिर में दर्शन का समय बदला, अब इतने बजे तक श्रद्धालु कर सकेंगे दर्शन

मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

Published

on

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
यह भी पढ़ें   Mother's Day Special: आज के दिन को माँ के लिए बनाएं खास, अपनाएं ये आइडियाज

नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

Continue Reading

news

छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

Published

on

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें   Bilaspur: निजात अभियान अन्तर्गत शहर के 9 थानो में होता है हर हफ़्ते काउंसलिंग

शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

यह भी पढ़ें   WRS कॉलोनी में निःशुल्क नियमित योगाभ्यास केन्द्र का किया गया शुभारंभ

सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending