Connect with us

छत्तीसगढ़

Bilaspur News: अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत उसलापुर रेलवे स्टेशन का हो रहा कायाकल्प”

Published

on

“9.52 करोड़ रुपये की लागत से होगा उसलापुर स्टेशन में यात्री सुविधाओं का विकास”

“यात्री केन्द्रित सुविधाओं का किया जा रहा उन्नयन एवं आधुनिकीकरण”

बिलासपुर : 20 अगस्त’ 2024

भारतीय रेल देश की लाइफ लाइन है । रेलवे लगातार यात्री सेवा को सुलभ करने के ल‍िए नवीनतम तकनीक, सुविधाओं और बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाने पर काम कर रही है । वर्तमान में रेल मंत्रालय के महत्वाकांक्षी परियोजना के अंतर्गत यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधा प्रदान करने हेतु  “अमृत भारत स्टेशन” योजना के अंतर्गत स्टेशनों के कायाकल्प किया जा रहा है । इस योजना के अंतर्गत दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे की 47 स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है । अमृत भारत स्टेशन योजना का मकसद आधुनिक सुविधाओं की उपलब्धता के साथ मौजूदा सुविधाओं के अपग्रेडेशन पर भी काम करना है ।  

इसी कड़ी में उसलापुर रेलवे स्टेशन का भी पुनर्विकास “अमृत भारत स्टेशन” योजना के अंतर्गत किया जा रहा है । बिलासपुर शहर में स्थित उसलापुर स्टेशन, बिलासपुर का सेटेलाइट स्टेशन है । रायपुर, दुर्ग की ओर से कटनी के तरफ जाने वाली अधिकांश गाड़ियों को वर्तमान में बिलासपुर स्टेशन के बजाए उसलापुर स्टेशन होकर चलाया जा रहा है । उसलापुर स्टेशन के आसपास वर्तमान में बिलासपुर शहर का विस्तार भी काफी हुआ है । इसी को ध्यान में रखकर उसलापुर स्टेशन को विश्वस्तरीय सुविधाएं और यात्रियों को बेहतर यात्रा अनुभव प्रदान करने के लक्ष्य के साथ विकसित किया जा रहा है । रेलवे स्टेशन के आसपास अच्छी व्यवस्थाएं होने से आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा । वर्तमान में उसलापुर रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन लगभग 6 हजार से अधिक यात्रियों का आवागमन हो रहा है, जबकि आने वाले दिनों में यात्रियों की संख्या में काफी वृद्धि होगी, जिसके अनुरूप इसे विकसित किया जा रहा है । 

अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत उसलापुर स्टेशन को यात्रियों के अनुकूल सर्वसुविधायुक्त बनाने हेतु लगभग 9.52 करोड़ रुपये की लागत से यात्री सुविधा विकास के अनेक कार्य कराये जा रहे हैं, जिससे यात्रियों को भविष्य में और बेहतर आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी । इन कार्यों के  अंतर्गत सर्कुलेटिंग क्षेत्र को बेहतर बनाते हुये 14 मीटर फ़ुटपाथ सहित 12 मीटर व 7.5 मीटर चौड़ा रोड़ का निर्माण कर सुगम मार्ग का निर्माण किया जा रहा है । एयर पोर्ट की तर्ज पर स्टेशन भवन प्रवेश पोर्च, व्यवस्थित प्रवेश व निकासी द्वार के साथ स्टेशन में प्रवेश एवं निकास के मार्ग को अलग-अलग किया जा रहा है, जिससे यात्रियों को भीड़भाड़ का सामना नहीं करना पड़ेगा । 5225 वर्गमीटर का सुव्यवस्थित पार्किंग एरिया दोपहिया एवं चारपहिया गाड़ियों के लिए डेवलप किया जा रहा है । 1265 वर्गमीटर का गार्डन विकसित कर सौंदर्यीकरण एवं डिजाइनर साइनेजेस तथा स्थानीय कला-संस्कृति की चित्रकारी से स्टेशन को आकर्षक बनाया जा रहा है । स्टेशन परिसर में बेहतर प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए एक मौजूदा हाइमास्ट लाइट की शिफ्टिंग के साथ 02 नये हाइमास्ट लाइट लगाए जा रहे है । यात्रियों को आसानी से प्लेटफार्म तक पहुँच सुविधा हेतु मौजूदा 2 फुटओवर ब्रिज के अतिरिक्त 12 मीटर चौड़ाई वाले एक फुटओवर ब्रिज का निर्माण किया जा रहा है । प्लेटफार्म की फ्लोरिंग व स्टेशन पर मौजूदा 10 प्लेटफार्म शेल्टर के अतिरिक्त 06 नये प्लेटफार्म शेल्टर का निर्माण किया जा रहा है । प्लेटफार्म में अतिरिक्त शौचालय का निर्माण, प्रतीक्षालय का नवीनीकरण, महिलाओं, वरिष्ठजनों व दिव्यांगजनों के अनुकूल दीर्घकालिक सुविधाओं के साथ-साथ सुरक्षा के मद्देनजर सीसीटीवी लगाए जा रहे है । इसके साथ ही साथ उसलापुर रेलवे स्टेशन परिसर में यात्रियों को उच्चस्तरीय खानपान की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु 2685 वर्गफीट जगह में कोच रेस्टोरेन्ट स्थापित किया जा रहा है । ये सभी कार्य योजनाबद्ध तरीके से किए जा रहे है और वर्तमान में अब तक 60 प्रतिशत कार्य पूरे किए जा चुके है  तथा शेष कार्य प्रगति पर है ।

अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत उसलापुर स्टेशन पर किए जा रहे पुनर्विकास कार्यों से यात्रियों के लिये आरामदायक व  सुलभ यात्रा के साथ ही साथ उन्हें नया यात्रा अनुभव प्राप्त होगा तथा संस्कृति, पर्यटन और व्यापार में भी व्यापक विस्तार होगा । दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे यात्री सुविधा एवं विकास के लिए प्रतिबद्ध है तथा भविष्य में भी उन्नत और आधुनिक यात्री सुविधा के कार्य जारी रहेंगे ।  
यह भी पढ़ें   CG : किराएदार युवतियों का अश्लील वीडियो बनाने वाला गिरफ्तार

छत्तीसगढ़

‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

Published

on

गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।

इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।

यह भी पढ़ें   पंडित सुंदरलाल शर्मा मुक्त विश्वविद्यालय के 12 शोधार्थी पीएचडी, 23 मेधावी स्वर्ण पदक से हुए सम्मानित
Continue Reading

छत्तीसगढ़

“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

Published

on

संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।

बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।

यह भी पढ़ें   Congress राज के घोटालेबाज IAS IPS पर कड़ी नजर, दंतेवाड़ा कलेक्टर विनीत नंदनवार मंत्रालय अटैच, कई और अफसर नपेंगे
Continue Reading

छत्तीसगढ़

सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

Published

on

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।


मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।

यह भी पढ़ें   जशपुर जिले में मुख्यमंत्री हाट-बाजार क्लीनिक के लिए बनाया गया 112 स्वास्थ्य शिविर कुटीर
Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending