राजनीति
Election Dates 2024 LIVE: ’20 नवंबर का दिन राज्य के भाग्य का फैसला करेगा’, महाराष्ट्र चुनाव की तारीख के ऐलान पर बोले सीएम एकनाथ शिंदे

Maharashtra and Jharkhand Vidhan Sabha Election Date Live Updates: महाराष्ट्र और झारखंड में चुनाव की तारीखों का ऐलान हो गया है। चुनाव आयोग ने आज दोनों राज्यों में वोटिंग के तारीखों की घोषणा की। महाराष्ट्र में 20 नवंबर को एक ही चरण में जबकि झारखंड में दो चरण में चुनाव होंगे। इसके अलावा आयोग ने यूपी, एमपी समेत कई राज्यों में उपचुनाव की तारीखों का भी ऐलान कर दिया है। राहुल गांधी की खाली लोकसभा सीट वायनाड में 13 नवंबर को वोटिंग होगी। चुनाव से जुड़े अपडेट के लिए नवभारत टाइम्स डॉट कॉम के साथ जुड़े रहें..
20 नवंबर का दिन राज्य के भाग्य का फैसला करेगा- महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने कहा कि महाराष्ट्र में 20 नवंबर को मतदान होगा, यह दिन राज्य के भाग्य का फैसला करेगा। पिछले 2.5 वर्षों में महायुति द्वारा किए गए कार्य लोगों के सामने हैं। महाराष्ट्र विकास की ओर बढ़ रहा है। राज्य सभी सेवाओं में नंबर 1 है, कल्याणकारी योजनाओं में नंबर 1 है। इसके परिणाम चुनावों में दिखाई देंगे। महायुति पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाएगी।
झारखंड विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के बाद केंद्रीय मंत्री और भाजपा प्रमुख जे.पी. नड्डा CEC बैठक के लिए पार्टी मुख्यालय पहुंच गए हैं। जेपी नड्डा के बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी पार्टी हेडक्वार्टर पहुंचे हैं।
भाजपा नेता शाइना एन.सी ने महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा पर कहा कि हम चुनाव आयोग के फैसले का स्वागत करते हैं। विपक्ष को झटका लगा है क्योंकि हरियाणा के नतीजों के बाद उन्हें पता है कि महाराष्ट्र में हमारी हैट्रिक और ऐतिहासिक जीत होगी। जनता तय करेगी कि किसकी हार और किसकी जीत होगी।
चुनाव आयोग भाजपा से शेड्यूल बनवाता है – कांग्रेस नेता उदित राज
झारखंड मुक्ति मोर्चा नेता मनोज पांडेय ने भारतीय जनता पार्टी पर आरोप लगाया है कि भाजपा नेताओं को एक दिन पहले सोमवार को ही चुनाव की घोषणा की जानकारी मिल गई थी। इस पर कांग्रेस नेता उदित राज ने जेएमएम नेता का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि कई लोग यह मानते हैं कि चुनाव आयोग भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रभाव में है। वह भाजपा से ही शेड्यूल बनवाता है।
चुनाव आयोग 5 राज्यों में एक साथ चुनाव नहीं करा पा रहा है – कुंवर दानिश अली
कांग्रेस नेता कुंवर दानिश अली ने महाराष्ट्र और झारखंड में विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा पर कहा कि एक तरफ ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ का प्रचार किया जा रहा है और दूसरी तरफ चुनाव आयोग 5 राज्यों में एक साथ चुनाव नहीं करा पा रहा है। क्यों उपचुनाव इतने दिन से रोके गए? क्या उन्हें डर है कि प्रियंका गांधी जल्दी सदन में प्रवेश कर जाएंगी?
UP By Election: यूपी में कौन से 9 विधानसभा सीट पर होंगे उपचुनाव
उत्तर प्रदेश में विधानसभा की 9 सीटों पर उपचुनाव का ऐलान हो गया है।
गाजियाबाद सदर सीट
फूलपुर विधानसभा सीट
मझवां विधानसभा सीट
करहल विधानसभा सीट
कुंदरकी विधानसभा सीट
खैर विधानसभा सीट
कटेहरी विधानसभा सीट
सीसामऊ विधानसभा सीट पर 13 नवंबर को वोटिंग होगी। उसके बाद 23 नवंबर को रिजल्ट आएगा।
झारखंड: मौजूदा सरकार की उल्टी गिनती शुरू हो गई है – अर्जुन मुंडा
भाजपा नेता अर्जुन मुंडा ने झारखंड विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा पर कहा कि चुनाव आयोग ने आज तारीख की घोषणा कर दी है, जिसके साथ ही मौजूदा सरकार की उल्टी गिनती शुरू हो गई है। मौजूदा सरकार हर मोर्चे पर विफल रही है, युवाओं को ठगा गया है, महिलाओं को प्रलोभन दिया गया है। आम आदमी इनसे त्रस्त है, यहां माफियागिरी चल रही है, कोयला तस्करी चल रही है, घुसपैठियों को संरक्षण दिया जा रहा है। चुनावों की घोषणा के साथ ही इस सरकार की उल्टी गिनती शुरू हो गई है।
By Election Date : यूपी, उत्तराखंड और वायनाड में उपचुनाव की तारीखों का ऐलान
महाराष्ट्र और झारखंड में विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान करने के बाद चुनाव आयोग ने उपचुनाव की भी तारीखों की घोषणा कर दी है। यूपी में 9 सीटों पर, वायनाड में 1 लोकसभा सीट पर और उत्तराखंड की केदारनाथ विधानसभा सीट पर उपचुनाव होंगे। यूपी और वायनाड में 13 नवंबर को वोटिंग होगी, जबकि केदारनाथ में 20 नवंबर को। नतीजे 23 नवंबर को आएंगे।
Jharkhand Election Schedule LIVE: झारखंड विधानसभा चुनाव का पूरा शेड्यूल
झारखंड में इस बार दो फेज में विधानसभा चुनाव होंगे। पहले फेज की वोटिंग 13 नवंबर को होगी और दूसरे फेज की वोटिंग 20 नवंबर को होगी।
झारखंड विधानसभा चुनाव पहला चरण
अधिसूचना जारी होने के साथ नामांकन- 18 अक्टूबर
नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख -25 अक्टूबर
नामांकन पत्रों की जांच -28 अक्टूबर
नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि -30 अक्टूबर
मतदान की तिथि -13 नवंबर
मतगणना की तारीख- 23 नवंबर
झारखंड विधानसभा चुनाव दूसरा चरण
अधिसूचना जारी होने के साथ नामांकन-22 अक्टूबर
नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख-29 अक्टूबर
नामांकन पत्रों की जांच-30 अक्टूबर
नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि -1 नवंबर
मतदान की तिथि- 20 नवंबर
मतगणना की तारीख- 23 नवंबर
Maharashtra Election Schedule Live: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव का पूरा शेड्यूल
गैजेट नोटिफिकेशन: 22/10/2024 (एक फेज में चुनाव होंगे)
नॉमिनेशन की अंतिम तिथि : 29/10/2024
नामांकन की जांच : 30/10/2024
नामांकन वापसी की अंतिम तिथि: 04/11/2024
मतदान की तारीख : 20/11/2024
चुनाव परिणाम : 23/11/2024
झारखंड में हेमंत सोरेन सरकार की लूट और भ्रष्टाचार का अंत होगा – भाजपा प्रवक्ता प्रतुल शाह देव
भाजपा प्रवक्ता प्रतुल शाह देव ने झारखंड चुनाव की घोषणा पर कहा कि चुनाव आयोग ने झारखंड में दो चरणों में चुनाव कराने का बहुत अच्छा फैसला लिया है। हमें पूरा भरोसा है कि इस चुनाव से झारखंड में हेमंत सोरेन सरकार की लूट और भ्रष्टाचार का अंत होगा। चुनाव आयोग की इस घोषणा से झारखंड मुक्ति मोर्चा को झटका लगा है। हम चुनाव आयोग के इस फैसले का स्वागत करते हैं।
देश
‘मोदी नाम की बीमारी…’ PCC चीफ दीपक बैज का भड़काउ बयान

रायपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल के 12 वर्ष पूरे होने पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) देशव्यापी जनसंपर्क अभियान चला रही है। इसी कड़ी में केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह दो दिवसीय दौरे पर छत्तीसगढ़ पहुंचे हैं। रायपुर पहुंचते ही उन्होंने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला, जिस पर अब छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी (PCC) के अध्यक्ष दीपक बैज ने कड़ा पलटवार किया है। दीपक बैज ने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा के नेता ‘मोदी नाम की बीमारी’ से बाहर नहीं आ पा रहे हैं।
गिरिराज सिंह ने कांग्रेस पर साधा था निशाना
छत्तीसगढ़ दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने केंद्र सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि पीएम मोदी के कार्यकाल में देश ने तकनीकी, आर्थिक और सामाजिक क्षेत्रों में ऐतिहासिक प्रगति की है। उन्होंने विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस को देश में हुआ यह विकास दिखाई नहीं देता।
सत्ता के नशे में आंखें चौंधिया गई हैं: दीपक बैज
केंद्रीय मंत्री के इस बयान पर पलटवार करने में कांग्रेस ने भी देरी नहीं की। पीसीसी चीफ दीपक बैज ने मीडिया से बातचीत में कहा:
“भाजपा के लोग मोदी नामक बीमारी से बाहर नहीं आ पा रहे हैं। एक तरफ देश में महंगाई आसमान छू रही है, पेट्रोल-डीजल और गैस सिलेंडर के दाम
आम जनता की पहुंच से बाहर हो रहे हैं, और दूसरी तरफ भाजपा के नेता कह रहे हैं कि विकास हो रहा है।”
‘पेट्रोल पंप जाकर जनता से पूछें विकास की हकीकत’
दीपक बैज ने केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह को नसीहत देते हुए कहा कि अगर उन्हें असल विकास देखना है, तो सिक्योरिटी छोड़कर किसी भी आम पेट्रोल पंप पर जाएं और वहां खड़े आम नागरिकों से पूछें कि देश में कितना विकास हुआ है। जनता खुद उन्हें सच्चाई का जवाब दे देगी। बैज ने आगे कहा कि गिरिराज सिंह को सत्ता का नशा हो गया है, जिसके कारण उनकी आंखें चौंधिया गई हैं और उन्हें जनता की तकलीफें दिखाई नहीं दे रही हैं।
देश
पीएम मोदी के नेतृत्व में राज्यों में बीजेपी का विस्तार, कई प्रदेशों में रचा नया राजनीतिक इतिहास

नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के कई राज्यों में अपनी राजनीतिक पकड़ मजबूत करते हुए लगातार चुनावी सफलताओं का नया इतिहास रचा है। एक समय जिन राज्यों में बीजेपी का प्रभाव सीमित था, वहां आज पार्टी न केवल सत्ता में पहुंची है बल्कि लगातार जीत दर्ज कर अपनी स्थिति को और मजबूत किया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पिछले एक दशक में बीजेपी ने संगठन विस्तार, मजबूत नेतृत्व और प्रभावी चुनावी रणनीति के दम पर देश के विभिन्न हिस्सों में अपना जनाधार बढ़ाया है। महाराष्ट्र, हरियाणा, असम, त्रिपुरा और ओडिशा जैसे राज्यों में पार्टी ने उल्लेखनीय प्रदर्शन करते हुए नई राजनीतिक इबारत लिखी है।
- महाराष्ट्र और हरियाणा से मिली नई दिशा
साल 2014 बीजेपी के लिए कई मायनों में ऐतिहासिक साबित हुआ। महाराष्ट्र में पार्टी सबसे बड़ी राजनीतिक ताकत बनकर उभरी और देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व में पहली बार पूर्ण रूप से बीजेपी सरकार का गठन हुआ। इसी वर्ष हरियाणा में भी पार्टी ने नया इतिहास रचते हुए मनोहर लाल खट्टर को मुख्यमंत्री बनाया। इसके बाद दोनों राज्यों में बीजेपी ने लगातार चुनावी सफलता हासिल कर अपनी मजबूत उपस्थिति बनाए रखी।
- पूर्वोत्तर में मजबूत हुआ कमल
पूर्वोत्तर भारत में बीजेपी का विस्तार वर्ष 2016 से तेज़ी से शुरू हुआ। असम में पहली बार पार्टी की सरकार बनी और सर्बानंद सोनोवाल मुख्यमंत्री बने। इसके बाद अरुणाचल प्रदेश में पेमा खांडू और मणिपुर में एन. बीरेन सिंह के नेतृत्व में बीजेपी ने अपनी राजनीतिक स्थिति मजबूत की। वर्ष 2018 में त्रिपुरा में वामपंथी दलों के लंबे शासन को समाप्त कर बीजेपी ने ऐतिहासिक जीत दर्ज की।
- ओडिशा में बदला राजनीतिक समीकरण
वर्ष 2024 में ओडिशा की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिला। लंबे समय तक सत्ता में रही क्षेत्रीय राजनीति को चुनौती देते हुए बीजेपी ने पहली बार पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाकर राज्य में नया राजनीतिक अध्याय शुरू किया।
- संगठन और रणनीति का मिला लाभ
बीजेपी की लगातार चुनावी सफलताओं को पार्टी संगठन की मजबूती, कार्यकर्ताओं की सक्रियता और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता से जोड़कर देखा जा रहा है। पार्टी ने विभिन्न राज्यों में स्थानीय मुद्दों को राष्ट्रीय दृष्टिकोण के साथ जोड़ते हुए मतदाताओं तक अपनी पहुंच बढ़ाई है।
देश
राम मंदिर के चंदे पर सियासत तेज: अखिलेश यादव के आरोपों पर बीजेपी का पलटवार

नई दिल्ली अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे और चंदे को लेकर राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। समाजवादी पार्टी (सपा) के मुखिया अखिलेश यादव द्वारा मंदिर के चंदे में कथित गबन और हेराफेरी के आरोपों पर अब भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया आई है।
केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी ने विपक्ष और इंडिया (INDIA) गठबंधन पर देश का माहौल खराब करने का आरोप लगाया है।
- केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी का बड़ा बयान: इस पूरे विवाद पर बात करते हुए केंद्रीय मंत्री पंकज चौधरी ने साफ किया कि राम मंदिर से जुड़े मामलों की देखरेख के लिए ट्रस्ट मौजूद है। उन्होंने कहा:
“देखिए, यह ट्रस्ट का काम है। ट्रस्ट ने इसके लिए एक जांच कमेटी बनाई हुई है और मामले की जांच चल रही है। जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे सख्त सजा दी जाएगी।”
- ‘विपक्ष का नैरेटिव अब नहीं चलेगा’ पंकज चौधरी ने अखिलेश यादव और विपक्षी गठबंधन पर हमला बोलते हुए कहा कि सपा और पूरा एनडी अलायंस (विपक्ष) केवल देश में एक गलत नैरेटिव (माहौल) तैयार करना चाहता है। उन्होंने कहा कि विपक्ष इसी गलत नैरेटिव के दम पर चुनाव जीतना चाहता है, लेकिन देश की जनता अब उनकी इस राजनीति को अच्छी तरह समझ चुकी है। बंगाल, बिहार, हरियाणा, दिल्ली और महाराष्ट्र के चुनावी नतीजों ने यह साफ कर दिया है कि जनता अब इनके झांसे में आने वाली नहीं है।
- अखिलेश के ‘PDA’ पर साधा निशाना: अखिलेश यादव के ‘पीडीए’ (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) फॉर्मूले पर तंज कसते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सपा का पीडीए सिर्फ कागजों और बयानों में है। उन्होंने इतिहास का हवाला देते हुए कहा कि मुलायम सिंह यादव और अखिलेश यादव कई बार उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे, लेकिन उन्होंने कभी किसी ‘पीडीए’ वर्ग का भला नहीं किया, बल्कि सिर्फ अपने परिवार का विकास किया।






















