Connect with us

छत्तीसगढ़

रेल यात्रियों की शिकायतों के निवारण की प्रक्रिया को सरल एवं तेज करने के उद्देश्य से शुरू किया गया है ‘रेल मदद’ एप

Published

on

बिलासपुर| रेल मदद एप द्वारा यात्रियों से प्राप्त समस्याओं/शिकायतों के त्वरित निराकरण में सर्वश्रेष्ठ योगदान एवं भूमिका निभाने वाले रेल कर्मियों को दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, मुख्यालय, बिलासपुर में महाप्रबंधक आलोक कुमार के द्वारा सम्मानित किया गया । यात्रियों से प्राप्त समस्याओं/शिकायतों के त्वरित निपटान करने में और फिर उनसे फीडबैक लेने में माननीय महाप्रबंधक महोदय/अपर महाप्रबंधक महोदय के निर्देशों व अनुदेशों के बाद पूरे भारतीय रेल में हमारे दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे ने तीसरा स्थान प्राप्त किया है ।

इसी कड़ी में माह जनवरी’ 2022 एवं फरवरी’ 2022 के लिए सम्मानित होने वाले रेलकर्मियों में एल. नायक, आरपीएफ़, रवि कुमार वर्मन, वाणिज्य, रमेश कुमार श्रेष्ठ,आरपीएफ़, कविता कुमारी, आरपीएफ़, सुनीता फ्रांसिस, कामर्शियल क्लर्क, अंबिका चौहान, कामर्शियल क्लर्क, डी.के.चंद्राकार, जूनियर इंजीनियर, कैरिज & वैगन, विनय कुमार, आरपीएफ़, अमित कुमार सिन्हा, कामर्शियल क्लर्क सम्मिलित थे ।

माननीय प्रधानमंत्री की डिजिटल पहलों के अनुरूप भारतीय रेलवे ने शिकायत प्रबंधन प्रणाली को पूरी तरह डिजिटल करते हुए रेल यात्रियों की शिकायतों के निवारण की प्रक्रिया को सुधारने एवं तेज करने के लिये रेलवे के द्वारा पिछले 3 वर्षों से ‘रेल मदद’ नाम से एक एप जारी किया है ।

यह भी पढ़ें   सिरगिटटी पुलिस बिलासपुर : शासकीय कर्मचारी के साथ मारपीट करने वाले पुलिस के गिरफ्त मे

रेल मदद एप यात्रियों की शिकायतों को दर्ज कर शिकायतों के निवारण की स्थिति के बारे में उन्हें लगातार जानकारी मुहैया कराता है । यात्री को इस एप पर रजिस्टेशन के बाद एसएमएस के जरिये शिकायत संख्या तुरंत उपलब्ध कराकर रेलवे द्वारा उठाये गये कदमों की जानकारी भी एसएमएस द्वारा दी जाती है ।

पूर्व में रेलवे के द्वारा जितनी भी हेल्पलाईन नंबर इस्तेमाल में थी उन सभी को ‘रेल मदद’ एप में समाहित की गई है । हेल्पलाईन नंबर 139 पर भी काल करने से ‘रेल मदद’ द्वारा यात्रियों की समस्याओं का निराकरण किए जा रहे है ।

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के अंतर्गत वर्तमान वित्तीय वर्ष 2021-22 के दौरान अप्रैल’ 2021 से अब तक रेल मदद द्वारा यात्रियों की लगभग 11111 शिकायत प्राप्त हुए, जिनका शत-प्रतिशत समाधान किया किया गया ।

यह भी पढ़ें   CG: कार का शीशा तोड़कर बदमाशों ने उड़ाए 7 लाख, घटना CCTV में कैद

इस एप्लीकेशन की मुख्य विशेषतायें इस प्रकार हैं:

• रेल मदद में फोटोग्राफ भेजने की सुविधा है जिससे कि शिकायत की वास्तविक स्थिति का आंकलन जल्द हो जाता है ।
• रेल मदद ऐप शिकायतों की जानकारी को दर्ज कर शिकायत संख्या जारी करता है ।
• रेल मदद ऐप शिकायत की जानकारी को डिवीजन के फील्ड अधिकारियों को उपलब्ध कराता है ।
• शिकायत के समाधान के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी SMS के माध्यम से शिकायतकर्ता को पहुँचाता है ।
• रेल मदद ऐप विभिन्न सुरक्षा एवं सहायता सेवाओं (जैसे, सुरक्षा, बाल सहायता सेवा इत्यादि) के नंबर बताता है ।
यात्रियों से अनुरोध है कि यात्रा के दौरान रेलवे से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्याओं /शिकायतों के निदान के लिए रेलवे द्वारा जारी किए गए इस एप का अधिक से अधिक उपयोग करें ।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

news

CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

Published

on

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

यह भी पढ़ें   आवास योजना पर 39 करोड़ 50 लाख रुपए खर्च करेगा रायपुर नगर निगम, जाने रायपुर नगर निगम बजट का अपडेट

इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

यह भी पढ़ें   Chhattisgarh: BSF जवान ने खुद को गोली मारकर कर ली खुदकुशी

मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

Published

on

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
यह भी पढ़ें   CG Breaking: छत्तीसगढ़ में आज मिले कोरोना के 38 नए पॉजिटिव मरीज, 38 हुए स्वस्थ

नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

Continue Reading

news

छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

Published

on

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें   31 दिसंबर राशिफल: जानिए कैसा होगा आपका आज का दिन

शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

यह भी पढ़ें   विजिलेंस का तीन ट्रेनों पर छापा: छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस में दो टीटीई के पास से मिली वसूली की रकम"

सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending