Connect with us

छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ का UPSC टैलेंट आज जुटेगा बीआईटी दुर्ग में, यूपीएससी टापर्स बताएंगे सफलता के राज

Published

on

छत्तीसगढ़ के पांच यूपीएससी टापर बताएंगे सिविल सेवा के लिए राइटिंग, टाइम मैनेजमेंट और कम्युनिकेशन स्किल

बीआईटी सभागार में शुक्रवार को दोपहर 3 बजे होगा आयोजन

बीआईटी
 सभागा
र को दोपहर 3
बजे होगा आयोजन

छत्तीसगढ़ के पांच युवा जिन्होंने अखिल भारतीय सिविल सेवा में परचम लहराया है। अपने अनुभवों को साझा करने के लिए दुर्ग शहर के बीआईटी आडिटोरियम में मौजूद रहेंगे। इस कार्यशाला में न केवल वे अपने अनुभव साझा करेंगे अपितु प्रतिभागियों के प्रश्न का उत्तर देंगे। यह पहला ऐसा मौका है जब छत्तीसगढ़ के इस साल के पांच टापर अपनी रणनीति साझा करने एक साथ एक ही जगह पर जुटे हों। 

यूपीएससी में 45 वें स्थान पर चयनित श्रद्धा शुक्ला, 51 वें स्थान पर चयनित अक्षय पिल्लई, 199 वें स्थान पर चयनित पूजा साहू और 254 वें स्थान पर चयनित अभिषेक अग्रवाल तथा दिव्यांजलि जायसवाल 216 रैंक अपने अनुभव साझा करेंगे। इस संबंध में जानकारी देते हुए अपर कलेक्टर पद्मिनी भोई ने बताया कि कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे के मार्गदर्शन में इस कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इसमें यूपीएससी परीक्षा में चयन के लिए जरूरी बुनियादी बातों के संबंध में सफल प्रतियोगी मार्गदर्शन प्रदान करेंगे। टापर्स बताएंगे कि उन्होंने परीक्षा के लिए समय प्रबंधन कैसे किया। राइटिंग स्किल किस तरह की हो। तैयारी के दौरान स्ट्रेस जो आता है उससे कैसे बचें। उल्लेखनीय है कि सेशन में प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्र-छात्रा अपने प्रश्न भी प्रतिभागियों के समक्ष रख सकेंगे। सेशन 3 बजे से आरंभ होगा और इसमें हर प्रतियोगी संक्षिप्त रूप से अपनी तैयारी के बारे में जानकारी देगा। इंटरव्यू की अपनी रणनीति साझा करेगा। अपने वैकल्पिक विषय के बारे में बताएगा। विशेष रूप से फोकस इस बात में होगा कि किस तरह की रणनीति अपनाने से थोड़े समय में ही अच्छी तैयारी हो सकती है। 

यह भी पढ़ें   केबिन क्रू और पायलटों की कमी से जूझ रहा एयर इंडिया, कई फ्लाइटें लेट

उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ में यूपीएससी के नतीजों से इस बार युवाओं में काफी उत्साह है। प्रदेश के 12 प्रतियोगियों का चयन इस प्रतिष्ठित परीक्षा में हुआ है। जिले के प्रतियोगियों को लगातार बेहतरीन मार्गदर्शन मिलता रहे, इसके लिए कलेक्टर ऐसी कार्यशालाओं का आयोजन कर रहे हैं। पिछली बार पीएससी परीक्षा के टापर्स ने कार्यशाला के माध्यम से अपने विचार साझा किये थे और इसका खासा लाभ शहर के युवाओं ने उठाया था। उल्लेखनीय है कि यह कार्यशाला पूरी तरह निःशुल्क है और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले तथा इसके इच्छुक युवा इसका लाभ उठा सकते हैं। जिले में सिविल सेवाओं की तैयारी के लिए डीएमएफ के माध्यम से प्रशिक्षण जिला प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराया जा रहा है और इसकी दो बैच चल रही है।

यह भी पढ़ें   शुष्क दिवस में शराब बिक्री करने वाले आरोपी पर बिलासपुर पुलिस का प्रहार

लिंक के माध्यम से फेसबुक पेज से भी जुड़कर देख सकते हैं लाइव- इसके लिए लिंक भी क्रिएट किया गया है, जो https://fb.me/e/4y2YrMXme है। इसमें क्लिक कर 3 बजे से कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देखा जा सकता है।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

news

CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

Published

on

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

यह भी पढ़ें   रायपुर में जल्द खुलेंगी नई 110 राशन दुकानें

इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

यह भी पढ़ें   प्रधानमंत्री मोदी से छत्तीसगढ़ के राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने की सौजन्य मुलाकात

मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

Published

on

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
यह भी पढ़ें   BJP राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा आज बिलासपुर दौरे पर

नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

Continue Reading

news

छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

Published

on

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें   छत्तीसगढ़ : एक ही परिवार के तीन लोगों की हत्या

शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

यह भी पढ़ें   मुख्यमंत्री भूपेश कल 'मुख्यमंत्री आदिवासी परब सम्मान निधि योजना’ का करेंगे शुभारंभ

सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending