छत्तीसगढ़
मौलाना आजाद शिक्षा महाविद्यालय में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन
मौलाना आजाद शिक्षा महाविद्यालय के प्रांगण में दो दिवसीय विभिन्न विधाओं में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया, कार्यक्रम चार निकेतनों में संपन्न हुआ। जिसमें प्रथम दिवस उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उन्नत शिक्षण संस्थान बिलासपुर की पूर्व प्राचार्या डॉ निशि भामरी ,संस्था के सचिव परम आदरणीय पूर्व कुलपति डॉ एम एस के खोखर एवं प्राचार्या डॉक्टर स्वाति जाजू द्वारा किया गया ।
कार्यक्रम का आरंभ महाविद्यालय प्राचार्या द्वारा प्रतिवेदन पढ़कर किया गया जिसमें महाविद्यालय के प्रारंभ से आज तक की भौतिक शैक्षणिक प्रगति का उल्लेख किया गया और कहां गया की सांस्कृतिक कार्यक्रम हमें आजीवन सीखने की प्रेरणादायक मार्ग पर ले जाता है समाज की संस्कृति शिक्षा के उद्देश्यों का निर्माण करती है सचिव महोदव द्वारा प्रशिक्षार्थियों को शुभकामनाएं दी गई और कहां गया कि लक्ष्यों को प्राप्त करने समूहिक कार्य महत्वपूर्ण है।
जीवन में सहयोग की भावना का होना नितांत आवश्यक है यह एक मानवीय गुण है जो हमें संगठन सहबंधुत्व और अनुशासन के माध्यम से समाज में सोहार्द की भावना विकसित करती है। मुख्य अतिथि द्वारा कहा गया कि पाठ्यक्रम मे शिक्षण अधिगम को महत्व दिया जाना चाहिए। सहयोगात्मक शिक्षण जिसमे विद्यार्थी आपस मे मिलजुल कर सीखते सिखाते हैं।पदम एवं पारिजात निकेतन द्वारा रंगारंग कार्यक्रम की प्रस्तुति दी गई जिसमें पुलवामा अटैक ,मुझे आजादी चाहिए ,बालिका शिक्षा, हॉस्टल लाइफ, राजस्थानी नृत्य ,गणित का भय आदि कार्यक्रम की विशेषता रही।
द्वितीय दिवस में दो निकेतन पाटल एवं पराग निकेतन ने कार्यक्रम प्रस्तुत किया जिसमें पारंपरिक छत्तीसगढ़ी नृत्य, झोलाछाप डॉक्टर, भ्रूण हत्या, सोशल मीडिया का शिक्षा पर प्रभाव ,असफलता में सफलता ,देशभक्ति गीत, फैंसी ड्रेस जिसमें भारत के विभिन्न राज्यों की विविध पोशाक एवं ज्ञानप्रद नाटक कार्यक्रम का विशेष आकर्षण रहा।कार्यक्रम के समापन में निर्णायक डॉ रजनी यादव एवं संगीता सक्सेना द्वारा कार्यक्रम की समीक्षा की गई जिसमें उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक कार्यक्रम बी एड पाठ्यक्रम के अंतर्गत है प्रत्येक प्रशिक्षार्थी इसमें प्रतिभागी रहे।
यह मंच हमें सीख देता है एवं कार्यक्रम हमें प्रेरणा देता है। महाविद्यालय की प्राचार्या द्वारा आभार व्यक्त किया गया कार्यक्रम की सफलता का श्रेय समस्त कर्मचारी समस्त बीएड प्रशिक्षार्थियों को दिया गया। प्रशिक्षार्थियों के प्रयास की सराहना की गई। कार्यक्रम में संस्था प्रबंधन सदस्य नदीम पाशा ,बिरथरे सर सेवानिवृत्त प्राचार्य बीटीआई ,समस्त सहायक प्राध्यापक वंदना सिंह ,विनीता देवांगन, गायत्री राजपूत, राजश्री पुरसेठ अजरा तबस्सुम ,नमिता करोशिया, उमा श्रीवास, चंद्रकली,सतीश गोयल ,सतीश यादव ,अनीश मोमिन, यासर अंसारी, शमशाद बेगम ,अर्चना सिंह, बी एड प्रथम एवं द्वितीय वर्ष के सभी प्रशिक्षार्थी उपस्थित थे।
छत्तीसगढ़
‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।
इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।
छत्तीसगढ़
“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।
बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।
छत्तीसगढ़
सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।
-
Uncategorized7 days ago
भारतीय रेलवे ने इतिहास रचा: कोलकाता से नेपाल पहुंची पहली कंटेनर ट्रेन, दोनों देशों के बीच माल ढुलाई के नए युग की शुरुआत
-
Uncategorized6 days ago
लोकसभा के बाद राज्यसभा से भी पास हुआ एंटी पेपर लीक बिल, विपक्ष ने किया वॉकआउट
-
Uncategorized3 days ago
03 अगस्त भस्म आरती: सावन का पहला सोमवार-भगवान महाकालेश्वर का दिव्य श्रृंगार, यहां कीजिए दर्शन
-
Uncategorized2 days ago
बैठकर की जानी चाहिए शिवलिंग की पूजा, तभी मिलता है पूर्ण फल …
-
Uncategorized5 days ago
PM Fasal Bima Yojana 2026 : आखिरी तारीख 16 अगस्त तक बढ़ी, जानिए कैसे करें आवेदन
