Connect with us

छत्तीसगढ़

पश्चिम मध्य रेलवे के जबलपुर मंडल में दोहरीकरण कार्य होने के चलते इन ट्रेनों का परिचालन प्रभावित रहेगा

Published

on

बिलासपुर| पश्चिम मध्य रेलवे के जबलपुर मंडल के कटंगी खुर्द-न्यू कटनी सेक्शन के मध्य दोहरीकरण कार्य हेतु इंटरलाकिंग/नान-इंटरलाकिंग का कार्य दिनांक 20 जून से 26 जून, 2021 तक किया जायेगा । इस कार्य के फलस्वरूप कुछ गाड़ियों का परिचालन प्रभावित रहेगा ।इसके फलस्वरुप दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे से संबंधित कुछ गाडियों का परिचालन प्रभावित रहेगा । जिसकी विस्तृत जानकारी इस प्रकार हैः-

रद्द होने वाली गाडियां:-

  1. दिनांक 21 से 24 जून, 2021 तक बिलासपुर स्टेशन से चलने वाली 08234 बिलासपुर –इंदौर स्पेशल ट्रेन रद्द रहेगी ।
  2. दिनांक 22 से 25 जून, 2021 तक इंदौर स्टेशन से चलने वाली 08233 इंदौर-बिलासपुर स्पेशल ट्रेन रद्द रहेगी ।
  3. दिनांक 23 जून, 2021 को हबीबगंज स्टेशन से चलने वाली 02157 हबीबगंज–सांतरागाछी स्पेशल ट्रेन रद्द रहेगी ।
  4. दिनांक 24 जून, 2021 को सांतरागाछी स्टेशन से चलने वाली 02158 सांतरागाछी- हबीबगंज स्पेशल ट्रेन रद्द रहेगी ।
    परिवर्तित मार्ग से चलने वाली गाडियां:-
यह भी पढ़ें   वैक्सीन लगाने को लेकर आपस में भिड़ गईं महिलाएं, जमकर हुई मारपीट, वीडियो वायरल

1 20 जून 2021 को दुर्ग से रवाना होने वाली 08203 दुर्ग-कानपुर स्पेशल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग गोंदिया-काछपुरा-जबलपुर-कटनी होकर चलेगी ।
2 21 जून 2021 को कानपुर से रवाना होने वाली 08204 कानपुर-दुर्ग स्पेशल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग कटनी-जबलपुर-काछपुरा-गोंदिया होकर चलेगी ।
3 23 जून 2021 को दुर्ग से रवाना होने वाली 08201 दुर्ग-नौतनवा स्पेशल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग गोंदिया-काछपुरा-जबलपुर-कटनी होकर चलेगी ।
4 25 जून 2021 को नौतनवा से रवाना होने वाली 08202 नौतनवा-दुर्ग स्पेशल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग कटनी-जबलपुर-काछपुरा-गोंदिया होकर चलेगी ।
5 17 जून 2021 को वलसाड से रवाना होने वाली 09209 वलसाड-पुरी स्पेशल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग इटारसी-नागपुर-बिलासपुर होकर चलेगी ।
6 20 जून 2021 को पुरी से रवाना होने वाली 09210 पुरी-वलसाड स्पेशल एक्सप्रेस परिवर्तित मार्ग बिलासपुर-नागपुर-इटारसी होकर चलेगी ।

          आम यात्रियो की सुविधा के लिये किये जा रहे ऐसे विकास कार्यो के लिए रेल प्रशासन रेल यात्रियों एवं आम जनता से सहयोग की आशा करता है ।
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

news

CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

Published

on

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।

यह भी पढ़ें   पार्षद लक्ष्मी साहू ने जरूरतमंद लोगों में करवाया ₹150000 का राशन वितरण, 400 से अधिक परिवारों को राहत

इस वजह से हुई मानसून में देरी

सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।

मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:

  • सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।

  • न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।

इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:

  • दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।

  • जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।

  • मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।

  • केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।

  • वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।

यह भी पढ़ें   छत्तीसगढ़ में अब तक 1135.8 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज

मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं

मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।

Continue Reading

छत्तीसगढ़

कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

Published

on

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

  • कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प

पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।

  • बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
यह भी पढ़ें   झारखंड: मार्निंग वॉक पर निकले जज की हत्या! जाँच में जुटी पुलिस

नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:

  • परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।

  • भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।

  • खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।

“सुशासन सरकार का संकल्प”

सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।

Continue Reading

news

छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

Published

on

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।

पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

यह भी पढ़ें   Bilaspur: पचपेड़ी पुलिस द्वारा अवैध शराब ब्रिकी पर कार्यवाही जारी, भारी मात्रा मे शराब ब्रिकी करते आरोपी गिरफ्तार

शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।

खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं

यह भी पढ़ें   इंटरनेशनल ग्रैंडमास्टर्स शतरंज टूर्नामेंट 19 से 28 सितंबर तक रायपुर में, 15 देशों के 500 से भी ज्यादा खिलाड़ी आयेंगे

सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है

नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है

Continue Reading
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

Trending