छत्तीसगढ़
दस्तावेज की गलत जानकारी तैयार करने वाले आरोपी को किया गया गिरफ्तार

आरोपी का नाम पता:-
01 अशोक जयसवाल पिता स्वं हीरालाल जयसवाल उम्र 60 साल निवासी ग्राम धनिया थाना
सीपत जिला बिलासपुर*
पूर्व में गिरफ्तारी आरोपी:-
01 भोदूदास मानिपुरी पिता छेदीदास मानिकपुरी उम्र 60 साल निवासी वार्ड नं 42 राधाकृष्ण मंदिर के पास
तोरवा थाना तोरवा बिलासपुर छ0ग0*,
02 सुरेश मिश्रा पिता जी0पी0 मिश्रा उम्र 57 साल निवासी राजकिशोर नगर थाना सरकण्डा,
03 हैरी जोसेफ पिता लियो जोसेफ उम्र 45 साल निवासीकासिमपारा तोरवा थाना तोरवा जिला बिलासपुर छ0ग0,
04 रामकुमार यादव पिता स्वं शिव प्रसाद यादव उम्र 34 साल निवासी कासिमपारा तोरवा थाना तोरवा जिला बिलासपुर छ0ग0
--00--बिलासपुर। प्रार्थी संदीप ठाकुर रिपोर्ट दर्ज कराया कि ,वर्ष 2015-16 में तहसीलदार बिलासपुर के पद पर पदस्थ था । जिस दौरान ग्राम चिल्हाटी की भूमि ख.नं. 224/3, 232/12 रकबा क्रमशः 4.95, 1.00 एकड़ के संबंध में आवेदक भोंदूदास ने पंजीकृत विक्रय पत्र से विक्रेता गुलाल वल्द सुधवा निवासी गतौरा जिला बिलासपुर से दिनांक 01.05.1976 को क्रय कर काबिज होने के आधार पर एवं ख.नं. 267/18 रकबा 2.00 एकड़ भूमि पूर्व अभिलेखों में अपना नाम दर्ज होने तथा वर्तमान राजस्व अभिलेखों में नाम विलोपित होने से अभिलेख सुधार का आवेदन न्यायालय तहसीलदार बिलासपुर में प्रस्तुत किया था।
प्रकरण में पटवारी प्रतिवेदन एवं अन्य दस्तावेज के आधार पर दिनांक 22.10.2016 को आवेदक के पक्ष में खसरा नंबर 224, 232 रकबा 4.50, 1.00 एकड़ भूमि का अभिलेख दुरूस्ती का न्यायालयीन आदेश पारित किया गया। प्रकरण के संबंध में शिकायत होने पर पुलिस संयुक्त टीम द्वारा जांच की जाकर जांच प्रतिवेदन की समीक्षा कर ग्राम चिल्हाटी, ग्राम लगरा एवं ग्राम मोपका की भूमि के संबंध में अनावेदक भोंदूदास की भूमिका स्पष्ट होने पर भोंदूदास पर अपराध पंजीबद्ध कर अग्रिम कार्यवाही किये जाने हेतु आदेशित किया गया है।
संयुक्त जांच टीम के द्वारा जांच में प्रकरण में प्रस्तुत सत्यप्रतिलिपियों को कूट-रचित कर प्रस्तुत किया जाना प्रथम दृष्टया प्रतीत होना पाया है। अतः उक्त आधार पर न्यायालय के समक्ष कूट-रचित दस्तावेज प्रस्तुत कर न्यायालय को गुमराह करते हुए कपट पूर्वक ग्राम चिल्हाटी की भूमि ख.नं. 224, 232 को अपने नाम दर्ज कराने वाले आवेदक भोंदूदास मानिकपुरी पिता छेदी दास मानिकपुरी निवासी मंझवापारा हेमूनगर बिलासपुर तथा उन कूट-रचित दस्तावेजों को तैयार करने वाले संबंधित व्यक्तियों के विरूद्ध प्राथमिकी दर्ज करने का कष्ट करें। कि रिपोर्ट पर अपराध पंजीबद्व कर विवेचना कार्यवाही में लिया गया।
पु.उ.म.नि एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर पारूल माथुर,अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर राजेन्द्र जयसवाल के मार्गदर्शन में नगर पुलिस अधीक्षक स्नेहिल साहू थाना प्रभारी सरकण्डा उत्तम साहू के द्वारा प्रकरण के आरोपीयों के खिलाफ साक्ष्य एकत्र कर आरोपी तत्कालीन पटवारी अशोक जयसवाल पिता स्वं हीरालाल जयसवाल उम्र 60 साल निवासी ग्राम धनिया थाना सीपत जिला बिलासपुर छ0ग0 की संलिप्तता पाये जाने से तलब कर पूछताछ किया गया जो जुर्म स्वीकार करने से आरोपी को विधिवत् दिनांक 19/08/22 के 13/30 बजे गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय पेश किया गया है।
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CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में अगले 5 दिन भारी बारिश का अलर्ट; आंधी-तूफान के साथ गिर सकती है बिजली

रायपुर। छत्तीसगढ़ में भीषण गर्मी और उमस से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। प्रदेश में मानसून का इंतजार अब जल्द ही खत्म होने वाला है। मौसम विभाग (IMD) ने राज्य में अगले 5 दिनों तक तेज आंधी-तूफान, गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात (आकाशीय बिजली) की चेतावनी जारी की है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार अब तेज हो रही है। अगले 3 से 4 दिनों के भीतर मानसून मध्य अरब सागर, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के बचे हुए हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़ के कुछ और इलाकों में दस्तक दे सकता है। बीते गुरुवार की रात राजधानी रायपुर समेत कई जिलों में हुई झमाझम बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत दी है।
इस वजह से हुई मानसून में देरी
सामान्य तौर पर छत्तीसगढ़ में मानसून 13 जून के आसपास प्रवेश कर जाता है, लेकिन इस बार मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ने के कारण इसकी रफ्तार धीमी हो गई थी। हालांकि, अब मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल चुका है। पिछले 24 घंटों में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई है।
मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक:
सर्वाधिक तापमान: गुरुवार को रायपुर में सबसे ज्यादा $38.5^\circ\text{C}$ तापमान दर्ज किया गया।
न्यूनतम तापमान: दुर्ग में सबसे कम $24.2^\circ\text{C}$ तापमान रिकॉर्ड किया गया।
इन जिलों में दर्ज की गई सबसे ज्यादा बारिश
बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार:
दुर्ग: सबसे ज्यादा 3 सेमी बारिश रिकॉर्ड की गई।
जशपुर: 2 सेमी बारिश दर्ज हुई।
मनोरा (जशपुर): 1 सेमी बारिश।
केल्हारी (मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर – MCB): 1 सेमी बारिश।
वाड्रफनगर (बलरामपुर): 1 सेमी बारिश दर्ज की गई।
मौसम विभाग की चेतावनी: 50 किमी/घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
मौसम विभाग ने आज के लिए विशेष अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि प्रदेश में एक-दो स्थानों पर गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने की आशंका है। इसके साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज अंधड़ (हवाएं) चलने की भी चेतावनी दी गई है। मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।
छत्तीसगढ़
कम लागत, ज़्यादा मुनाफ़ा: छत्तीसगढ़ में नैनो उर्वरक लिख रहे हैं किसानों की समृद्धि की नई इबारत

रायपुर: छत्तीसगढ़ की सुशासन सरकार किसानों को वैज्ञानिक और आधुनिक खेती से जोड़कर उनकी आय दोगुनी करने की दिशा में निरंतर काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य सरकार द्वारा कृषि क्षेत्र में नैनो उर्वरकों (नैनो यूरिया और नैनो डीएपी) के उपयोग और उपलब्धता को लगातार बढ़ावा दिया जा रहा है। आधुनिक तकनीक और किसान-हितैषी नीतियों के माध्यम से खेती को अधिक लाभकारी और टिकाऊ बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
- कम लागत में बेहतर उत्पादन का बेहतरीन विकल्प
पारंपरिक खाद के मुकाबले नैनो यूरिया और नैनो डीएपी किसानों के लिए बेहद किफायती और असरदार साबित हो रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, नैनो उर्वरकों के उपयोग से न केवल फसलों का उत्पादन बेहतर होता है, बल्कि किसानों की जेब पर पड़ने वाला बोझ भी कम होता है।
- बचेंगे पैसे, घटेगी मेहनत
नैनो उर्वरकों की सबसे बड़ी खासियत इनकी सुगमता है। जहां पहले भारी-भरकम खाद की बोरियों को लाने-ले जाने और भंडारण (Storage) में काफी दिक्कतें आती थीं, वहीं अब नैनो तकनीक के कारण:
परिवहन (Transportation) का खर्च बेहद कम हो गया है।
भंडारण की समस्या से मुक्ति मिली है।
खेतों में छिड़काव के लिए लगने वाली मजदूरी की लागत में भारी कमी आई है।
“सुशासन सरकार का संकल्प”
सरकार का मुख्य उद्देश्य आधुनिक तकनीक को सीधे किसानों के खेतों तक पहुँचाना है, ताकि लागत कम हो और मुनाफा ज़्यादा। आधुनिक और वैज्ञानिक पद्धतियों को अपनाकर छत्तीसगढ़ के किसान अब समृद्धि और आत्मनिर्भरता की राह पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
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छत्तीसगढ़ में खाद संकट और सुशासन पर सवाल, पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने सरकार को घेरा

छत्तीसगढ़ के पूर्व मंत्री Shiv Dahariya ने राज्य सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और सरकार किसानों से धान खरीदी को लेकर गंभीर नहीं है, जिससे किसान और आम जनता दोनों परेशान हैं। डहरिया ने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में सुशासन पूरी तरह खत्म हो चुका है और मुख्यमंत्री के नेतृत्व वाली सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।
पूर्व मंत्री ने राज्य में प्रशासनिक अराजकता और अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, अधिकारी जनता की समस्याओं के समाधान में रुचि नहीं दिखा रहे हैं और विपक्ष की आवाज को नजरअंदाज किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में प्रशासनिक आतंकवाद जैसा माहौल बन गया है, जिससे आम लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
शिव डहरिया ने यह भी कहा कि सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं को भी निशाना बनाकर काम किया जा रहा है। उनके मुताबिक, सरकार के भीतर ही असंतोष का माहौल है और राजनीतिक आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार से किसानों की समस्याओं, खाद उपलब्धता और प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर तत्काल कदम उठाने की मांग की।
खाद की कमी और धान खरीदी पर हमला: पूर्व मंत्री शिव डहरिया ने आरोप लगाया है कि प्रदेश में खाद की भारी कमी है और वर्तमान सरकार किसानों से धान नहीं खरीदना चाहती है, जिससे किसान और आम जनता बेहद परेशान हैं
सुशासन का अभाव: उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन नाम की कोई चीज़ नहीं रह गई है। उनके अनुसार आदरणीय मुख्यमंत्री और उनकी सरकार पूरी तरह से फेल हो चुकी है
नेताओं को टारगेट करने का आरोप: डहरिया ने यह भी दावा किया कि सत्ता पक्ष के ही कुछ नेताओं को टारगेट करके काम किया जा रहा है


















