छत्तीसगढ़
विकास कार्यों की तेज रफ्तार शुरूआत के बाद अब योजनाओं के तेज रफ्तार क्रियान्वयन की तैयारी
रायपुर| बीते 15 दिनों में छत्तीसगढ़ में 7 हजार 84 करोड़ रुपए के नए विकास कार्यों की तेज-रफ्तार शुरुआत के बाद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अब अगले 15 दिनों तक लगातार बैठकें करके अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता वाली योजनाओं पर तेज-अमल के लिए नई रणनीति तय करेंगे। इन सभी बैठकों में विभागीय मंत्रिगणों सहित वरिष्ठतम अधिकारी और विषय-विशेषज्ञ शामिल होंगे।इस दौरान किसानों और श्रमिकों से जुड़ी प्रमुख योजनाओं के साथ-साथ खनिज, ऊर्जा, स्वास्थ्य, गृह, खाद्य, पेयजल, सिंचाई, पर्यटन, शिक्षा, महिला एवं बाल विकास, आदिवासी विकास, वन एवं पर्यावरण, एनआरडीए, आरडीए तथा गृह निर्माण मण्डल से संबंधित विभिन्न विषयों की प्रगति की समीक्षा की जाएगी।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल 25 जून को अपने निवास कार्यालय में बैठक लेकर उनकी सर्वाेच्च प्राथमिकता वाले बिन्दुओं की समीक्षा करेंगे। इस बैठक में नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन और अबूझमाड़ में दिए जा रहे पट्टों की प्रगति की समीक्षा करेंगे। इसी तरह मुख्यमंत्री 26 जून को गोधन न्याय योजना, सुराजी गांव योजना, वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना, राजीव गांधी किसान न्याय योजना, लघु वनोपज, फलदार और औषधि पौधों का रोपण, प्रसंस्करण, विपणन और सड़क किनारे वृक्षारोपण की समीक्षा करेंगे। मुख्यमंत्री 28 जून को खनिज विभाग, 29 जून को ऊर्जा विभाग, 30 जून को मनरेगा-रोजगार वृद्धि, वास्तविक सिंचाई क्षमता में वृद्धि, गौठान आजीविका केन्द्र, नरवा विकास के प्रभाव एवं ग्रामीण भूमिहीन मजदूर न्याय के संबंध में समीक्षा करेंगे।
मुख्यमंत्री बघेल एक जुलाई को स्वास्थ्य विभाग के कार्याे की समीक्षा करेंगे। जिसमें मेडिकल मोबाइल यूनिट, मुख्यमंत्री हाट बाजार योजना, जेनरिक मेडिसिन, नए मेडिकल कॉलेज, नए चिकित्सालय भवनों सहित स्वास्थ्य अधोसंरचना के प्रगतिरत कार्य और उनका उन्नयन तथा कोरोना की सम्भावित तीसरी लहर को रोकने के लिए आवश्यक तैयारी की समीक्षा की जाएगी। मुख्यमंत्री 2 जुलाई को गृह विभाग की बैठक लेंगे, मुख्यमंत्री इस बैठक में चिटफंड घोटाले के पीडि़तों को राहत, जेल में निरूद्ध आदिवासियों की रिहाई, गृह निर्माण मण्डल के आवासों का पुलिस हाउसिंग बोर्ड को अंतरण और आत्म समर्पित नक्सलियों के पुनर्वास की समीक्षा करेंगे। श्री बघेल 3 जुलाई को खाद्य विभाग और मार्कफेड की बैठक लेंगे। जिसमें गत वर्षाें के धान का निराकरण तथा आगामी वर्ष की कार्ययोजना की समीक्षा की जाएगी।
बैठकों की अगली कड़ी में सीएम बघेल 5 जुलाई को लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी और जल संसाधन विभाग, 6 जुलाई को संस्कृति, पर्यटन, शिक्षा विभाग एवं राम वन गमन पथ की प्रगति की समीक्षा करेंगे। इसी तरह 7 जुलाई को महिला एवं बाल विकास तथा आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग, 8 जुलाई को वन, पर्यावरण, एनआरडीए, आरडीए, छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल तथा 9 जुलाई को पाटन विधानसभा में संचालित कार्याें की समीक्षा करेंगे।
छत्तीसगढ़
‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ : सीएम साय ने कहा – गौ संरक्षण जनभागीदारी से ही बनेगा जनआंदोलन

गौमाता भारतीय संस्कृति, ग्रामीण अर्थव्यवस्था, जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण की आधारशिला है। गौ संरक्षण पूरे समाज की साझा जिम्मेदारी है। जब प्रत्येक परिवार गौसेवा और संरक्षण का संकल्प लेगा, तभी यह अभियान जनआंदोलन का स्वरूप ले सकेगा। ये बातें मुख्यमंत्री साय ने आज राजधानी रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित गौ सेवा संगम एवं गौ विज्ञान परीक्षा पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित करते हुए कही।
इस अवसर पर सीएम ने प्रदेशव्यापी ‘मेरा परिवार गौव्रति परिवार’ अभियान का शुभारंभ किया तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए संचालित किए जाने वाले वृक्षारोपण अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने गौ विज्ञान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर पुरस्कार भी प्रदान किए।
छत्तीसगढ़
“सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सुनेगी…”, सर्वदलीय बैठक खत्म होते ही किरण रिजिजू का पहला बयान, कल पेश होगा वंदे मातरम् बिल

संसद के मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक ख़त्म हो गई है। इस बैठक के ख़त्म होते ही केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि, अच्छे माहौल में यह बैठक हुई। सभी ने इस बैठक में अपनी बात रखी। संसदीय कार्य मंत्री ने बैठक के बाद मिडिया को दिए अपने पहले बयान में कहा कि, सरकार विपक्ष के सभी मुद्दों को सत्र के दौरान सुनेगी। इसके अलावा बागी सांसदों को बैठक में बुलाये जाने को लेकर उन्होंने कहा कि, नियमों के मुताबिक़ ही उन्हें बुलाया गया है।
बता दें कि, रविवार को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक के दौरान किरण रिजिजू ने सभी राजनीतिक दलों से सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि संसद में व्यवधान पैदा करने से किसी को राजनीतिक लाभ नहीं मिलता, बल्कि इससे जनता के पैसे और समय की बर्बादी होती है।
छत्तीसगढ़
सीएम साय ने अधिकारियों को किया अलर्ट, बारिश से प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज करने के निर्देश…

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बिलासपुर और जांजगीर-चांपा जिलों में हुई अत्यधिक वर्षा एवं जलभराव की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता नहीं बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक प्रभावित एवं जरूरतमंद व्यक्ति तक समय पर राहत और आवश्यक सहायता सुनिश्चित करे।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री, भोजन, पेयजल, चिकित्सा सहित सभी आवश्यक सुविधाएँ बिना किसी विलंब के उपलब्ध कराई जाएँ। साथ ही जलनिकासी की त्वरित व्यवस्था, क्षतिग्रस्त मार्गों की शीघ्र बहाली तथा जनसुविधाओं को जल्द सामान्य करने के लिए सभी उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए।
-
Uncategorized4 days ago
New Rule : शराब प्रेमियों को झटका! सरकार ने बदल दिया नियम, इस तारीख से होगा लागू
-
Uncategorized4 days ago
अमित शाह का UCC पर बड़ा ऐलान: 21 राज्यों में लागू होगा समान नागरिक संहिता, 2029 लोकसभा चुनाव से पहले होगा लागू
-
Uncategorized6 days ago
प्रधानमंत्री मोदी और चीनी राष्ट्रपति जिनपिंग के बीच द्विपक्षीय बैठक खत्म, जिनपिंग ने साझा विकास पर दिया जोर
-
Uncategorized2 days ago
EPF पर मोदी सरकार का बड़ा फैसला: पीएफ पर बेसिक सैलरी लिमिट ₹15000 से बढ़ाकर 25 हजार की, 51 लाख कर्मचारियों को होगा फायदा
-
Uncategorized7 days ago
40th National Games : छत्तीसगढ़ करेगा 40वें नेशनल गेम्स की मेजबानी! तैयारी में जुटी सरकार
-
Uncategorized14 hours ago
RSS ने OTT के ‘सांस्कृतिक प्रदूषण’ पर रोक के लिए बनाया पैनल, जानिए कौन-कौन पैनल में है शामिल…
